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Wednesday, May 27, 2026
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10 तरीके जिनसे आप कमजोर और negative बनाने वाले psychic attack को ख़त्म कर सकते है

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क्या आपने मानसिक शक्तियों के बारे में पढ़ा है ? मानसिक शक्तिया यानि मन से संचालित होने वाली कुछ ऐसी शक्ति जिनसे हम किसी के दिमाग को काबू कर सकते है, उसकी सोच बदल सकते है और उसे negative बना सकते है.

हम बात करने वाले है psychic attack इसके symptom और protection tips के बारे में. अगर आप पिछले कुछ समय से खुद को कमजोर, उत्साह-हीन या फिर negative महसूस कर रहे है तो संभल जाए क्यों की किसी ने आप पर negative energies के जरिये अटैक किया है.

जब हम किसी व्यक्ति को टारगेट करते हुए negative thoughts, emotion, feeling भेजना शुरू करते है तो धीरे धीरे वो सामने वाले के सोच पर काबू करना शुरू कर देती है. एक वक़्त ऐसा आता है की माध्यम इतना निराश हो जाता है की वो suicide attempt करने की कोशिश करने लग जाता है.

What is Psychic Attack

इस तरह के मानसिक आघात और सोच पर काबू करने वाले तरीके से बचना काफी जरुरी है. सिर्फ अनजाने लोग ही नहीं आपके अपने लोग भी आपकी तरक्की से इर्ष्या रखते हुए मन ही मन आपको बुरे विचार भेजते है जिसकी वजह से कमजोर मनोबल वाले लोग जल्दी ही इसके असर में फंस जाते है.

समय रहते हुए इस स्थिति पर काबू न पाया जाए तो व्यक्ति बुरी तरह से टूट कर आत्महत्या भी कर लेता है.

ये एक ऐसी स्थिति है जो माध्यम को पूरी तरह अकेला कर देती है उसे किसी पर भी विश्वास नहीं रहता है और वो चाह कर भी किसी पर भरोसा नहीं कर पाता है. अगर आप भी ऐसी स्थिति में है तो इसे समझे और बचाव समय रहते जरुर कर ले.

What is Psychic Attack

किसी भी तरीके का attack चाहे वो conscious हो या फिर unconscious जिससे किसी व्यक्ति को emotional, physical, spiritual, or mental state level पर hurt किया जा सके psychic attack कहलाता है.

ये एक खास तरीके की negative energies होती है जिन्हें thought transfer process के जरिये किसी target person पर भेजा जाता है.

इस negative energies में कई तरह के इमोशन होते है ज्यादातर based on jealousy, envy, anger, and other emotions जो किसी को भी mentally sick बनाने के लिए काफी होते है.

हालाँकि इस बात को किसी तरह का scientific proof नहीं मिला है लेकिन फिर भी हम साफ तौर पर देख सकते है की जब किसी को बुरी तरीके से negative way में behave किया जाए तो उस पर किस तरह का bad effect हो सकता है.

जरुरी नहीं की एक psychic attacker आपका दुश्मन ही हो, इनमे आपका कोई दोस्त, परिवार वाला भी हो सकता है. इस समय सबसे ज्यादा psychic attack करीबी और अपने लोगो द्वारा ही किये जाते है.

types of attack

किसी भी तरह के मानसिक आघात को हम 2 भाग में बाँट सकते है

चेतन रूप से किया गया आघात : ये वो अटैक है जिसमे माध्यम पर वशीकरण, काला जादू या फिर मारण जैसे प्रयोग किये जाते है.

अवचेतन रूप से किया गया आघात : इसमें हम किसी पर अपने बुरे विचार, भावनाए, इर्ष्या आदि को मन ही मन भेजते रहते है.

ये दोनों ही तरीके किसी को भी मानसिक रूप से परेशान करने के लिए बेहद कारगर है. मन ही मन भेजी गई भावनाए भी समय के साथ अपना असर दिखाती है. इनका असर कितना शक्तिशाली होगा ये निर्भर करता है की आपके मन में negative energies कितनी ज्यादा है.

जितना ज्यादा आप किसी के बारे में बुरे ख्याल रखते है उसका उतना ही जल्दी असर होना तय है बशर्ते आपकी एकाग्रता अच्छी हो.

कुछ लोग ऐसे भी होते है जिनसे मिलने के बाद आप खुद को नेगेटिव महसूस करने लगते है. ऐसे लोग आपकी उर्जा को चूस लेते है और आप इनका शिकार हो जाते है. इन्हें हम psychic vampire कहते है.

Read : Lucid dream reality checks techniques – क्या होता है जब कोई सपनों में ही कैद हो कर रह जाता है ?

Symptoms of a Psychic Attack

ऐसे काफी सारे बदलाव की पहचान की जा सकती है जिनसे हम ये अनुमान लगा सकते है किसी ने negative energies के जरिये हम पर psychic attack किया है.

  • Having nightmares: अगर रात को सपने में आपको बार बार किसी खास तरह के डरावने सपने आने लगे तो समझ ले की कोई आपके दिमाग को कण्ट्रोल करना चाहता है.
  • किसी बुरे व्यक्ति की डरावनी परछाई को बार बार देखना : जब भी आप अकेले हो, ध्यान कर रहे हो तब आपको बार बार किसी तरह की अनजानी और डरावनी परछाई का आभास होना.
  • Experiencing fatigue – ज्यादातर समय खुद को थका हुआ महसूस करना. बहुत जल्दी ही खुद को उर्जाहीन या कमजोर अनुभव करने लगना जिसकी वजह से daily routine में सही perform ना कर पाना.
  • Feeling pain – रोज शरीर के एक हिस्से में दर्द को महसूस करना.
  • Feeling weakness – शरीर के खास हिस्सों में दर्द के साथ साथ कमजोरी महसूस करना. ये काम भावनाओं के जरिये किया जाता है जिसमे माध्यम की कमजोरी पता होती है.
  • खुद को कमजोर और आलसी पाना – हर रोज किये जाने वाले कामो को लेकर किसी तरह का उत्साह न दिखा पाना.
  • ज्यादातर समय सर में दर्द महसूस करना – ये एक खास symptom है और कॉमन भी जब भी कोई किसी की इच्छा के बिना उसके दिमाग पर हावी होने की कोशिश करता है माध्यम के सर में दर्द महसूस होने लगता है. सामान्य दर्द से अलग इस दर्द में एक तरह की थकावट भी होती है और ज्यादा भारीपन महसूस किया जाता है.

क्या होगा जब negative energies पूरी तरह से हावी होने लगेगी ?

कोई आपको देख रहा है इसका अहसास होने लगेगा. जब भी कोई आपके ऊपर हावी होने की कोशिश करता है या फिर आपको jealousy, envy, anger, and other emotions में से किसी भी तरह से परेशान करता है तब बार बार ये लगता है जैसे की कोई आपको देख रहा है. इसे evil eye effect भी कहते है.

जरुरत से ज्यादा खुद पर अविश्वास हो जाएगा. ये एक ऐसी स्थिति है जिसमे हम ये तय ही नहीं कर पाते है की हमें क्या करना है. बार बार खुद पर ही doubt होना किसी बात को लेकर question करने लग जाना ये जाहिर करता है की कोई आपके self-confidence को तोड़ने की कोशिश कर रहा है.

बार बार आत्महत्या करने जैसे ख्याल मन में आने लगेंगे. जब कोई व्यक्ति जिसे magical knowledge होती है और आप पर psychic attack करने की कोशिश करता है तब आपके मन में unwanted anxiety bad thoughts आने लगते है. कई बार तो बार बार मिलने वाली निराशा से माध्यम आत्महत्या करने का विचार करने लगता है.

ये सब इसलिए क्यों की माध्यम का दिमाग काम करना बंद कर देता है और निराश होने की वजह से उसे लगता है की वो किसी काम का नहीं और इसी वजह से वो suicide attempt करने की कोशिश करने लगता है.

Read : क्या वाकई हमजाद की साधना का अभ्यास करना सेफ है ? कुछ सावधानियां और खतरे जिन्हें जान लेना चाहिए

how to protect yourself from psychic attack

Feeling protected from psychic attacks is important. ये आप ऊपर बताये गए लक्षण के आधार पर जान ही गए होंगे की इससे बचाव कितना जरुरी है. अगर आपको लगता है की उपर बताई गई problems आपके साथ भी हो रही है तो आप इन protection को अमल में ला कर इसका प्रभाव कम या ख़त्म कर सकते है.

सावधान रहे – अगर आपके साथ कुछ ऐसा हो रहा है तो अपने आसपास के माहौल पर नजर डाले. उस unusual activity पर गौर करे जो उसी दौरान हो रही हो और उससे बचे.

किसी सही गुरु की तलाश करे – अगर आपको इस psychic attack से कुछ ज्यादा ही negative energies प्रभावित कर रही है तो आप किसी spiritual teacher or guide की तलाश करे जो आपको protection spell and remedies provide करवा सके.

Refrain from mirroring the attacker’s actions – ये एक तकनीक है जिसके जरिये हम negative energies and thought sender को उसी वे में thoughts भेजते है जैसे वो हमें भेज रहा होता है.

mirroring यानि आने वाली किसी भी चीज को उसी तरीके से वापस पलट देना ये आप भी कर सकते है लेकिन, इसके लिए आपको ये अंदाजा होना चाहिए की आप पर thoughts भेजने वाला है कौन?

Lucid Dream Myths we must aware Hindi

send love thoughts : ये एक कारगर तरीका है जो न सिर्फ आपको positive बनाए रखता है बल्कि negative emotion भेजने वाले के असर को भी ख़त्म कर देता है. आप पर इस तरह की भावनाओं के जरिये अटैक करने वाला शक्तिशाली ही है ये जरुरी नहीं वो एक कमजोर भी हो सकता है.

किसी द्वेष के चलते उसने अगर ऐसा कुछ किया है तो यक़ीनन आपके भेजे गए positive thought process उसकी negativity को दूर कर darkness को heal कर सकता है.

जब भी आपको लगे की आप पर कोई किसी तरह की नकारात्मक भावनाओं या इमोशन का अटैक कर रहा है उसी वक़्त कल्पना कीजिये की आप उस व्यक्ति पर light of positive thoughts भेज रहे है. जब भी आपका मन negative होने लगे आप ये प्रयोग करे इससे दोनों तरफ से आपको फायदा होगा.

मजबूत बने मजबूर नहीं – आप बाहर से जितने चाहे तरीके आजमा ले ये कुछ समय तक ही आपको प्रोटेक्शन दे सकते है.

जब तक आप अन्दर से मजबूत नहीं बनेंगे आप इस तरह के psychic attack के victim बनते रहेंगे. अगर आप चाहते है की ऐसा कोई मौका ही ना आ पाए की कोई आपकी सोच पर काबू कर सके तो आपको emotionally and mentally strong बनना पड़ेगा.

अपने उस डर को पहचाने जो आपको कमजोर बनाता है और उसे heal करने की कोशिश करे. इसके लिए आप एक spiritual healer जैसे की reiki expert near me की पहचान कर हेल्प ले सकते है. डर पर काबू पाना चाहते है तो आपको ब्लॉग पर काफी सारे tips मिल जायेंगे.

Read : Different Types of Shadow Figure Encounter and their Meaning

protection against psychic attack – final thought

ब्लॉग पर शेयर की गई पिछली कुछ पोस्ट में हम पहले से ही kind of psychic attack के बारे में जानकारी शेयर कर चुके है. अनजाने लोगो की तुलना में जान पहचान वाले लोग सबसे ज्यादा आपको negative energies का शिकार बना रहे है.

इसमें बाहरी माध्यम और मानसिक शक्तियों की मदद से वो आपको परेशान भी कर रहे है और आपकी success को भी तोड़ने की कोशिश कर रहे है.

अगर आप भी इस तरह के अटैक का शिकार हो रहे है और पूरी तरह से negative बन चुके है तो इन tips को follow कर इससे निजात पा सकते है. ज्यादा परेशानी होने पर किसी psychiatrist से help लेकर आप इस स्थिति से बाहर निकल सकते है.

किसी तरह के सुझाव के लिए आप कमेंट कर सकते है और अगर आपने भी इस तरह के problems को कभी फेस किया हो तो अपने अनुभव शेयर करना न भूले.

How Cannon-Bard Theory works in Hindi definition, example and Criticisms

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इन्सान अपने आसपास से बहुत कुछ सीखता है. अपने आसपास हो रही घटना से हम बचपन में एक छोटे बच्चे से लेकर बूढ़े होने तक सीखते रहते है. लेकिन क्या आपने कभी नोटिस किया है किस घटना पर आपका मन किस तरह का reaction करता है ?

The Cannon-Bard Theory हमें इसके बारे में डिटेल से समझने में मदद करती है. हम किस तरह की घटना पर किस तरह की बॉडी हरकत करेंगे या फिर emotional reaction करेंगे ये सब इस theory के जरिये समझा जा सकता है.

इस theory के अनुसार lower part of the brain जिसे thalamus के नाम से जानते है हमारे experience of emotion को कण्ट्रोल करता है.

the higher part of the brain, यानि the cortex ये expression of emotion को कण्ट्रोल करता है यानि हमें किस इमोशन को किस तरह एक्सप्रेस करना है ये हमारे दिमाग के उपरी हिस्से द्वारा कण्ट्रोल किया जाता है. इसे physiological reactions कहते है.

Cannon-Bard Theory

किसी घटना के दौरान हमारे इमोशन क्या होंगे या फिर हम किस तरह की physiological reactions करेंगे ये इस theory में समझाने की कोशिश की है लेकिन इसमें कई कमियां भी है.

हम किस घटना को किस तरह manage करेंगे ये भी ध्यान देना चाहिए. human emotion and behavior को समझने के लिए आज कई theory दी जा चुकी है लेकिन इन सब में कुछ न कुछ कमी है.

आज की पोस्ट में हम कैनन बार्ड थ्योरी को जानने वाले है जो इमोशन पर फोकस है. आइये जानते है इसके बारे में डिटेल से.

How Cannon-Bard Theory works in Hindi

The Cannon-Bard theory of emotion जिसे thalamic theory of emotion के नाम से भी जाना जाता है वास्तव में एक physiological explanation of emotion है. किसी भी घटना को लेकर हमारे मन में किस तरह के emotion and thought develop होते है उन सबको इसके जरिये समझा जाता है.

इसे लोगो के सामने लाने वाले Walter Cannon and Philip Bard थे जिनके नाम पर इस theory का नाम रखा गया है.

इस theory में हम किसी emotion को experience करने के बाद कौनसी physiological reactions करते है इसके बारे में समझा जाता है. कुछ एक्टिविटी जो common है जैसे की sweating, trembling, and muscle tension यानि हमारे मन की भावनाए किस तरह की हरकत के लिए जिम्मेदार होती है इसके बारे में हम इसमें समझते है. एक cannon bard theory example के तौर पर

क्लास में मैथ के टीचर आये और उन्होंने अचानक एक surprise test का प्लान कर दिया

अब आपकी इमोशन कैसी है ? आपकी reaction क्या होगी आपका emotion आपके डर को दिखायेगा और इसके रिजल्ट में आपको पसीना आयेगा, आप नज़ारे चुराने लगेंगे, आपका low self-confidence कोई भी पकड़ लेगा या फिर आपकी बॉडी में एंठन होना शुरू हो जाएगी.

ये सब किसी 3 स्टेप में work करता है.

  1. आप किसी घटना से गुजरते है
  2. उसके अनुसार आपके मन में emotion बनते है
  3. उस emotion के according आपकी body physiological reactions करती है

यहाँ पर आपको ये जान लेना जरुरी है की आपके body physiological reactions किसी emotion पर निर्भर नहीं करती है. कई बार हम खुद को स्थिर रखते है जिसकी वजह से इमोशन तो बनता है लेकिन हरकत नहीं.

Common cannon-bard theory example

हम इसे साफ तौर पर देख सकते है की किस तरह हमारे लाइफ की किसी भी घटना के अनुभव और उसके अनुसार बनने वाले emotion पर cannon-bard theory लागू की जा सकती है.

ये आप पर निर्भर करता है की आप कितने stable है क्यों की जब आप negative emotional responses करते है तो उसके विपरीत positive emotions भी develop होता है.

आइये इसे कुछ उदाहरण के तौर पर और ज्यादा क्लियर समझते है.

A Frightening Experience

रात के अँधेरे में अगर आपको अकेले कही जाना हो तो क्या आप ये आसानी से कर पाते है ? अँधेरी रात में आप सुनसान जगह या गली से गुजर रहे होते है और अचानक ही आप किसी के कदम की आवाज सुनते है.

आप हल्का सा पीछे मुड़कर देखते है तो आपको एक shaodw people figure आपके पीछे दिखाई देती है जो आपको ही फॉलो कर रही है. ऐसी स्थिति में क्या होता है ?

अगर बात करे Cannon-Bard theory of emotion की तो ऐसी स्थिति में लगभग सभी लोग डर का अनुभव करते है. डर का अनुभव करने के साथ ही आपका दिल जोर से धडकने लगता है. आप अपने चलने की स्पीड को तेज कर लेते है और जो रास्ता 15 मिनट का होता है उसे 5 मिनट में पूरा करने की कोशिश करते है.

यहाँ पर shadow figure का दिखना एक घटना है, आपका डर को अनुभव करना एक emotional reaction है और दिल का जोर से धडकना या फिर आपकी चाल को तेज करना ये आपके body physiological reactions है. ऐसा 95% लोगो के साथ होता है खासकर उन लोगो के साथ जो अकेले चलने से पहले कुछ डरावना सुनते है.

नयी जॉब लगना और पहले दिन का डर

जब भी किसी की नयी जॉब लगती है तब उसका पहला दिन हमेशा ही तनाव भरा रहता है. ऑफिस का पहला दिन, नए लोगो से मिलना, अपने रोल को समझना और दूसरो के साथ ताल मेल बिठाना ये सब लगा रहता है.

आपकी पहली प्राथमिकता रहती है की आप सबके बीच अपना first impression is last impression वाला concept अच्छा बनाए. इसकी वजह से आप खुद को stable नहीं रख पाते है और जल्दबाजी दिखाते है.

इस दौरान आप physical and emotional signs of stress से गुजरते है क्यों की आप जरुरत से ज्यादा प्रेशर पर काम करते है. इस दौरान खुद को nervous feel करना आम बात है और कुछ लोगो को तो पेट में गड़बड़ी का अहसास भी होता है.

पहला प्यार और उससे मिलने जाना

पहला पहला प्यार और उस पर पहली बार मिलना जिसे आज हमने डेट का नाम दिया है. इस स्थिति के दौरान कौन खुद को nervous होने से रोक सकता है ? शायद कोई नहीं. ये एक ऐसी घटना है जिसमे दोनों ही प्रेशर एक नयी जॉब की तरह लेते है.

इस दौरान हम 2 तरह के इमोशन से गुजरते है पहला मिलने का excitement और दूसरा अपना बेहतर करने का pressure.

Happiness and excitement के साथ साथ sweaty palms and a rapid heartbeat ये दोनों ही तरह के इमोशन आप खुद में नोटिस कर सकते है.

दूसरी अलग theory के साथ तुलना

भावनाओ को समझने के लिए अलग अलग theory है. The Cannon-Bard theory दूसरी कई theory से कई मायनो में अलग है. अगर बात करे James-Lange Theory of emotion की तो उनके अनुसार किसी भी घटना की वजह से पहले एक body physiological reactions होती है और फिर emotional reaction develop होती है.

इस theory को dominant theory of emotion की तरह देखा जाता है.

इस कमी को The Cannon-Bard theory के जरिये समझने की कोशिश की गई और emotional experiences किस तरह develop होते है इसे समझाने की कोशिश की गई. आइये James-Lange Theory of emotion को थोड़ा डिटेल से समझते है.

James-Lange Theory

वास्तव में देखा जाए तो The Cannon-Bard theory का आईडिया इस theory से ही लिया गया है. जेम्स की theory में physiological explanation for emotions को समझाया गया था वही कैनन बार्ड थ्योरी में neurobiological approach को महत्त्व दिया गया है.

William James’s theory के अनुसार किसी भी घटना में पहले अपने आसपास के वातावरण के अनुसार physiological reaction होती है. इसके बाद बॉडी में हो रही reaction के अनुसार ही emotion develop होते है.

जब आप किसी कुत्ते को देखते है जो आपको देखकर भोंकना शुरू कर देता है तब क्या होता है ? आपकी हार्ट-बीट तेज हो जाती है. सांसे तेज होने लगती है और इसके अनुसार ही आपके मन में डर पैदा होने लगता है.

The Cannon Bard theory ने इसे थोड़ा अच्छे से explain करने की कोशिश की है और उनके अनुसार न तो emotional reaction किसी तरह के physiological reaction पर निर्भर है ना ही इसके विपरीत होता है.

किसी भी घटना के बाद हमारे अन्दर उसके अनुसार इमोशन बनते है जो बॉडी की हरकत को दर्शाता है लेकिन अलग अलग कंडीशन में ये सब पर लागू नहीं होता है.

Read : 8 मुख्य कारण जिनकी वजह से वशीकरण का उपाय काम नहीं करता है वशीकरण के फ़ैल होने की सबसे बड़ी वजह

Schacter-Singer Theory

इस theory को two-factor theory के नाम से भी समझा जा सकता है. इस theory ने पहले की दोनों ही theory को अधूरा साबित कर दिया और एक नया concept लोगो के सामने रखा.

The Schacter-Singer theory के अनुसार physiological reaction भले ही पहले हो लेकिन एक ही तरह की बॉडी हरकत कई अलग अलग इमोशन के लिए एक जैसी रहती है.

यहाँ पर सबसे बड़ी कमी को लोगो के सामने रखा और क्लियर किया की physiological reactions को particular emotion के साथ लेबल करना होगा.

Criticisms in The Cannon Bard theory

The Cannon-Bard theory को लेकर लोगो ने कई सवाल भी खड़े किये है जिसमे thalamus के emotion के रोल से जोड़ा गया है और उस पर बहुत ज्यादा महत्त्व दिया गया. सिर्फ एक भाग को महत्त्व देकर बाकि के हिस्सों को ignore करना इस theory पर काफी सारे सवाल खड़ा करता है.

ये सिर्फ limbic system का एक भाग है जो इमोशन में एक बड़ा रोल निभाता है लेकिन इसका मतलब ये नहीं की बाकि हिस्सों को किनारा कर दे.

रिसर्च में ये बात साबित भी हुई है की ये process जितना theory में explain की गई है उससे कही ज्यादा काम्प्लेक्स है.

Basic assumption of Cannon-Bard theory के अनुसार physical reactions किसी भी तरह के emotion को लीड नहीं करती है.

लेकिन, जब एक शोध किया गया जिसमे लोगो को physical reactions जैसे की मुस्कुराना या फिर स्माइल करना जैसे टेस्ट किये गए तो पाया की वे इस तरह की बॉडी हरकत के दौरान खुद को उस इमोशन के करीब पाते है.

क्या आप भी product खरीदने से पहले उसका online review देख रहे है – इन्टरनेट फ्रॉड updated

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आज हमें हर चीज की जानकारी ऑनलाइन मिल जाती है और इसे लेना सही है या नहीं ये भी लेकिन बीते कुछ समय में कुछ ऐसी बाते सामने आई है जो चौंका देने वाली है. कुछ लोगो के अनुसार online review of product के लिए expert को पैसे दिए जाते है.पैसे लेकर expert प्रोडक्ट का एक ऐसा review देते है की लोग उस प्रोडक्ट को नीना खुद के स्तर पर चेक किये खरीद लेते है.पैसे लेकर बढ़िया प्रोडक्ट को घटिया और घटिया को बढ़िया बना देना ताकि आप बिना कुछ सोचे समझे उन चीजो को खरीद लो जो आपके लायक ही नहीं है paid review का हिस्सा है.online review of productकिसी product को खरीदने से पहले उसके बारे में जानकारी जुटाना और उसका current market review देखना एक good steps है इससे आप जो ले रहे है उसके बारे में पूरी तरह conscious रह पाएंगे और seller आपको गुमराह कर कोई और product नहीं चिपका पायेगा.किसी भी प्रोडक्ट का ऑनलाइन रिव्यु भी हमेशा सही नहीं होता है इसलिए अगली बार जब भी आप कुछ खरीदने जाए तो सिर्फ इसका online review of product के भरोसे ना रहे बल्कि खुद भी अपने स्तर पर इसकी जाँच जरुर कर ले.आज हम जाने वाले है internet fraud के एक part के बारे में तो चलिए जानते है की कैसे आप review के नाम पर बेवकूफ बनाये जाते है.

what is online review of product

online review of product एक ऐसी expert service है जिसके जरिये हम किसी expert द्वारा ये जानते है की जो चीज हम लेने वाले है वो कैसी है ? गुणवत्ता किस लेवल है की और किस जगह कैसे काम आ सकती है.एक तरह से किसी expert द्वारा हमें किसी खास चीज के लिए recommended करना भी हो सकता है.आज you tube और ब्लॉग पर कई लोग है जो इस तरह के रिव्यु देकर अच्छी खासी कमाई कर रहे है.अगर आपकी किसी फील्ड में अच्छी जानकारी है तो आप उसके बारे में अपने विचार शेयर कर भी पैसे कमा सकते है जो की how to earn money online का एक अच्छा विकल्प है.

Need of online review of product

एक टाइम था जब किसी कंपनी के नाम पर चीजे बिका करती थी जैसे की kirloskar जिसके नाम पर आप आंखे बंद कर प्रोडक्ट जैसे मशीन और electric item खरीद सकते थे.एक आज का वक़्त है अगर आप मार्किट में Samsung का smart phone भी लेने जाओगे तो आपको उसके बारे में पहले ये जानना पड़ेगा की ये असली है या नहीं ?इसकी specification क्या क्या है ? क्यों की मार्केट में हर चीज का competition and duplicate बढ़ गया है.इसी वजह से जब भी हम किसी वस्तु की खरीददारी करने जाते है पहले अपने स्तर पर उसके बारे में जानकारी जुटाते है.इससे जब हम मार्केट में सामान लेन जाए तो सामने वाले को ये दिखा सके की हम उस वस्तु के बारे में जानते है और वो हमें गलत चीज देने या गुमराह करने जैसे काम नहीं कर सकता है.एक तरह से ये हमारे लिए positive है क्यों की हम गुमराह होने से या फिर गलत चीज लेने से बच जाते है लेकिन क्या होगा अगर वो review जिसे देख कर आप product की shopping कर रहे है वो paid हो ? आइये जानते है paid review के बारे में.

what is paid review

उदहारण के तौर पर जैसा की आप सभी जानते है sachhiprerna hindi blog एक ऐसा blog है जहा आपको vashikaran, black magic real or fraud के बारे में जानकारी provide करता है.बहुत सरे लोग जो fraud and fake astrologer vashikaran specilaist baba के चक्कर में फंस कर पैसा गवाने के बाद यहाँ पर जानते है की उनके साथ फ्रॉड हुआ है.अभी तक blog पर किसी ऐसे astrologer and vashikaran specialist baba को add नहीं किया गया है जो फ्रॉड हो.लेकिन अगर कुछ पैसो के लालच में किसी ऐसे व्यक्ति के बारे में लोगो को बताया जाए जो काम नहीं कर सकता है फिर भी उसके बारे में अच्छी अच्छी बाते बता कर लोगो के सामने impression बना दिया जाए.बहुत सारे लोग जो की फ्रॉड का शिकार होकर यहाँ पर किसी genuine service की तलाश करते है और उन्हें recommended किया जाए की आप इस व्यक्ति से contact कर लो तो ?blog owner को पैसे मिल चुके है इसलिए उसे लोगो के साथ क्या हो रहा है इसका कोई असर नही पड़ता है. वो व्यक्ति जिसके बारे में blog पर good review दिया गया उसे कुछ ही पैसे खर्च करने पड़े लेकिन बहुत सरे लोगो ने उसकी सच्चाई को परखे बगैर ही उस पर भरोसा कर लिया. यही सब होता है एक paid review में.

paid review or fake review is it good or bad

product का paid review / fake review किसी भी तरीके से सही नहीं है. क्यों की एक व्यक्ति जिसे समाज में लोग जानते है और विश्वास करते है, अगर वही व्यक्ति कुछ पैसो के लिए घटिया प्रोडक्ट या सर्विस का रिव्यु देता है तो लोग आसानी से उसकी बातो का यकीन कर लेते है.लेकिन जब वो घटिया प्रोडक्ट ले लेते है और बाद में realize होता है की ये वास्तव में घटिया चीज है तो लोगो का विश्वास टूट जाता है.ये सिर्फ इस blog की नहीं हर कही पर खासतौर से you tube पर आपको ये सबसे ज्यादा देखने को मिल जायेगा. आपको online review of product देखने को मिल जायेगा. कुछ ऐसे YouTube channel है जो खास कर product and service के review पर based है.कुछ टाइम से you tube viral news में से एक था की कुछ youtuber पैसे लेकर घटिया प्रोडक्ट का भी सही रिव्यु दे देते है जिसकी वजह से लोग आंखे बंद कर उन्हें खरीद लेते है और बाद में पछताते है. इस बात में कितनी सच्चाई है पुख्ता नहीं बता सकते क्यों की ये सब खुद के publicity stunt का एक हिस्सा भी हो सकता है और सच भी लेकिन ये हमें अपने स्तर पर जांचना चाहिए.

technical guru ji vs technical sagar fight

अगर आप youtube पर अपने डेली लाइफ के कुछ घंटे बिताते है या फिर किसी तरह के रिव्यु को सर्च करते है तो आपने technical guru ji and technical sagar इन दोनों के बिच चली फाइट के बारे में जरुर सुना होगा.technical sagar का कहना था की technical guru ji, online review of product करते है जिसमे वो पैसे लेकर घटिया प्रोडक्ट का भी सही रिव्यु देते है. अगर आपने देखा हो तो वो लगभग हर vivo and oppo smart phone का हमेशा negative review देते है.मै खुद कुछ समय के लिए इस कम्पनी का एक हिस्सा बन चूका हूँ और मानता हूँ की ये smart phone हमेशा प्राइस की रेंज में high रहते है लेकिन घटिया नहीं हो सकते है. open survey में भी ये बात सामने आ चुकी है की 100 में से 99 smart phone को लेकर consumer किसी तरह की complain नहीं करता है.जब की samsung में ये 100 में से 90 है. बावजूद इसके हर बार इन दोनों smart phone का negative review कही ना कही हमें शक में डालता है.अगर आपने गौर किया हो तो technical guru ji सिर्फ उन चीजो को टारगेट करते है जो main feature है इसकी supported feature जो इसे अच्छा बनाती है उनके बारे में आपको सिर्फ इसके experience के बाद ही पता चलती है.कुछ लोगो के अनुसार technical sagar ये सब कुछ इसलिए करवा रहे है ताकि लोग उनसे जुड़ते चले जाए.हकीकत क्या है ये कोई एक व्यक्ति तय नहीं कर सकता है लेकिन मेरे खुद के experience के हिसाब से आपको online review of product के साथ साथ खुद के level के अनुसार प्रोडक्ट की जाँच जरुर करनी चाहिए.Read : 8 मुख्य कारण जिनकी वजह से वशीकरण का उपाय काम नहीं करता है वशीकरण के फ़ैल होने की सबसे बड़ी वजह

online review of product – final thoughts

अब तो आप समझ गए होंगे की किस तरह कुछ लोग सिर्फ पैसो के खातिर आपको उन चीजो को खरीदने के लिए कह देते है जो आपके लिए सही है भी नहीं. इसका सबसे बड़ा example टीवी पर आने वाले advertisement है.बड़े बड़े सुपर स्टार पैसे लेकर उन चीजो को हाई लाइट कर देते है जो बढ़िया दिखाई जाती है लेकिन होती नहीं है. ये अब सिर्फ टीवी पर ही नहीं youtube और blog पर भी होने लगा है. इसलिए next time shopping के लिए सिर्फ online review of product के भरोसे ना बैठे रहे बल्कि खुद के स्तर पर भी इसकी जाँच जरुर कर ले.आज की पोस्ट किसी को निचा दिखाने या आरोप लगाने के उदेश्य से लिखना हमारा मकसद नहीं है.हमारी कोशिश आपको सिर्फ वो जानकारी देना है जो आपके लिए सही है. आज की पोस्ट के बारे में अपने विचार जरुर रखे और ऐसी ही पोस्ट पाने के लिए हमें subscribe करना ना भूले.Disclaimer : sachhiprerna blog पर काम करने वाले कोई भी expert किसी भी तरह के paid review का हिस्सा नहीं है. अगर आपको कुछ भी गलत लगता है तो आप हमें contact कर सकते है. क्यों की इस blog की Earning का जरिया donation और eBook sell service है जो की expert की service का एक alternate है.

आखिर क्यों हमें भविष्य की झलकियाँ और सच होने वाले सपने दिखाई देते है

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हर रोज रात को सपने तो हम सभी देखते है लेकिन कई बार जाने अनजाने में आने वाले भविष्य की घटनाओ को भी महसूस कर लेते है. आमतौर पर ऐसा 10% से भी कम लोगो के साथ होता है की उन्हें एक महीने में 3 बार से ज्यादा इस तरह के सपने दिखाई दे जो आने वाले टाइम में सच साबित होते है.

इसकी वजह हमारा conscious mind में ज्यादा फंसे रहना है जो ज्यादातर अनचाहे विचारो से उलझा रहता है. ऐसे सपने जो सच होते है उन्हें Precognitive dreams कहते है और इन्हें देखने वाले को Precognitive dreamer तो चलिए जानते है आज इनके बारे में सबकुछ.

कई बार जब हम आने वाले कल के बारे में ज्यादा सोचते है तो सपने में आने वाले कल से जुड़ी कुछ घटनाए दिखाई दे जाती है. हमारा ज्यादा सोचना असल में Subconscious mind को trigger करता है जो हमारे सोने के बाद भी active रहता है और फिर हम सोने के बाद इन घटनाओ को देखते है.

ज्यादातर ये activity हमारे control से बाहर होती है लेकिन कुछ खास अभ्यास के जरिये इसे मनचाहे तरीके से देखा जा सकता है. ये हमारे अन्दर की Psychic powers ability में से एक है जिसे लम्बे समय के अभ्यास के बाद सीखा जा सकता है.

precognitive dreams

Precognition dreams यानि ऐसे सपने जो आने वाले वक्त की घटना से जुड़े हुए होते है सिर्फ सपने नहीं होते है बल्कि एक संकेत की तरह होते है. आज हम

  • What is a precognitive dream?
  • Why do you have precognitive dreams? Are they real?
  • What causes precognitive dreams?
  • Famous precognitive dreams
  • Precognition and déjà vu
  • Precognitive dreams of death
  • How do precognitive dreams work?

इन सबके बारे में डिटेल से बात करने वाले है इसलिए अगर आप अपने Subconscious mind programing पर believe करते है तो इसका अभ्यास करना आपके लिए बेहद आसान हो जायेगा. सबसे पहले बात करते है;

What is a precognitive dreams?

ये वो सपने है जो आने वाले वक़्त में सच होने वाली इवेंट या किसी घटना से जुड़े हुए होते है. आने वाले कल को सपनों के दौरान महसूस करना ये आपकी psychic ability का एक हिस्सा है जो कुछ लोगो में God gifted होती है वही कुछ लोग इसे अभ्यास के जरिये active करते है.

आपने काफी सारी Hollywood fantasy movie देखी होगी वो सब देखने में एक कल्पना की तरह लगती है लेकिन हकीकत में देखे तो हमारा Subconscious mind जो इन सबके लिए जिम्मेदार होता है वो हमारी सोच से कही ज्यादा कर सकता है.

ज्यादातर लोग इसे सिर्फ एक सपने की तरह लेते है क्यों की वे इसमें believe नहीं करते है लेकिन जब वो घटना सच में होती है तब उन्हें Precognition and déjà vu का अहसास होता है.

अगर आप अपने सपनो पर गौर करते है तो बेहद जल्दी जी आप सपनो को control भी कर सकते है जिसे Lucid dreaming state कहते है. जिन लोगो को इस तरह के सपने आते है उनका sixth sense काफी strong होता है जो आने वाले समय की घटना को feel करना शुरू कर देता है.

ज्यादातर मामले में ये अपने पीछे सिर्फ questions and curiosities छोड़ता है क्यों की हमें इस तरह के सपने मनचाहे तरीके से नहीं आते है ना ही हमारा इन पर कोई कण्ट्रोल होता है ऐसे में हम इसे ज्यादा नोटिस भी नहीं करते है लेकिन, इन्हें अगर आप समझने की कोशिश करे तो शायद आपको अपनी लाइफ के बहुत सारे सीक्रेट को समझने का मौका मिल जाए.

हमें premonition dreams क्यों आते है क्या वे हकीकत में होते है ?

अगर आपके दिमाग में भी सवाल उठ रहा है की आखिर कैसे हम premonition dreams experience करते है तो इसकी मुख्य तौर पर 2 वजह हो सकती है.

पहला आपको किसी तरह की चेतावनी देना और दूसरा आपको ये अहसास करवाना की आप सही रास्ते पर चल रहे है.

हमारे deepest depths of subconscious mind में काफी सारे secret छिपे हुए होते है. कई बार हमें अन्दर ही अन्दर पता होता है की हम गलत कर रहे है लेकिन फिर भी खुद को रोके बगैर आगे बढ़ते रहते है.

उपरी तौर पर हमें इसका अहसास नहीं होता है जब तक की हम उसे सपनो में ना देख ले. और ये सपने हमें कौन दिखाता है ?

हमारा Subconscious mind जो हमें हमेशा कुछ न कुछ signal देता है.

जब भी आप कुछ गलत कर रहे होते है और उसी रास्ते पर आगे बढ़ते चले जाते है तब real and vivid dream के जरिये अवचेतन मन आपको एक तरह से चेतावनी देता है.

वही दूसरी तरफ जब आप सही रास्ते पर चलते हुए अपने काम में आगे बढ़ते है तब भी आप इस तरह के सपने देखते है लेकिन ये आपके आने वाले कल की तरह दीखते है जिसमे आप कुछ अच्छा कर रहे होते है या शांत सपने होते है.

ऐसे सपने आपको ये बताते है की आप सही रास्ते पर चल रहे है और जल्दी ही आपकी लाइफ में इस तरह के बदलाव आने वाले है. ये सब आपका self confidence boost करता है और आप motivate होते है.

लेकिन सवाल ये उठता है की क्या वाकई precognitive dream real होते है ?

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भविष्य से जुड़े सपने कितने सच होते है ?

यहाँ पर आपको 2 चीजे समझनी होगी पहला इसकी वजह यानि आपको इस तरह का सपना क्यों आया और दूसरा इसका आपके ऊपर क्या असर पड़ा है. बगैर किसी वजह के आपके ऊपर इसका असर नहीं पड़ेगा.

अगर ऐसा होता तो आप हर रात को दिखने वाले सपने से प्रभावित होते. महीने में एक बार अगर इस तरह का होता है तो ये सिर्फ एक coincidence हो सकता है लेकिन, अगर इस तरह की गतिविधि बार बार हो रही होती है तब आपको समझना होगा की ये सिर्फ इत्तेफाक नहीं है बल्कि आपका अवचेतन मन आपको कुछ कहना चाहता है.

अगर ‘premonition dream’ आपके किसी खास इवेंट से जुड़े हुए आ रहे है तो आपको समझना होगा की ये हकीकत है. आपका subconscious mind आपकी हर घटना को examine कर रहा होता है और आपको उससे जुड़े संकेत देने की कोशिश करता है.

आपको इस तरह के सपने दीखने के पीछे उसका मकसद आपको सिर्फ उसके प्रति aware करना होता है ताकि अगर आप सही है तो आगे बढ़ते रहे और गलत है तो उसे सही करने की कोशिश करे.

यहाँ पर ये confusion ना रखे की आपके पास कोई psychic powers है क्यों की इसमें आप चीजो को अपने तरीके से कण्ट्रोल करते है.

ये सिर्फ आपकी inner feeling or intuition है जो आप सपनो के जरिये अनुभव करते है. इसके आधार पर ये कहा जा सकता है की premonition dreams काफी हद तक सच होते है.

What causes precognitive dreams?

ज्यादातर लोग ऐसे है जो precognition dreams को सिरे से नकार देते है. वो इसे सिर्फ pseudoscience का एक हिस्सा मानते है जो है तो विज्ञान का हिस्सा लेकिन सुलझाया नहीं जा सका है. लेकिन कुछ खास तरह की स्थिति में आप क्या करेंगे जैसे की

आपको बार बार किसी नए घर में जाने के सपने आने लगे जबकि आप अपने वर्तमान के घर में बहुत खुश है.

इसके कुछ महीनो बाद ही आप अचानक ही अपना सामान पैक करते है और नए घर में शिफ्ट हो जाते है.

Intuition ability

ये अनुभव बिलकुल वैसा ही रहता है जैसा आपने सपने के दौरान देखा था. यहाँ पर आपको causes of precognitive dream को समझना होगा साथ ही साथ इसके सच में बदलने को भी.

भले ही हम ऊपर से खुद को कितना भी बिजी कर ले लेकिन जिन चीजो को हम ignore करते रहते है वो सब भी subconscious mind द्वारा analysis की जाती है और उसके आधार पर ये आपके conscious mind को एक आईडिया देता है जब आप सो रहे होते है.

ये सिर्फ एक प्रक्रिया है जो आपका ध्यान उन समस्याओ की तरफ आकर्षित करती है जिन्हें आप दिनभर में ignore करते आ रहे होते है.

बार बार ऐसा करना आपको उस एक घटना की तरफ एक्शन लेने के लिए मजबूर करता है जिसे आप सपनो में देखते आ रहे है.

Famous precognitive dreams

इसे क्लियर समझने के लिए आपको इतिहास की एक ऐसी घटना को जानना होगा जो से precognitive dreams जुड़ी हुई है और वो है Abraham Lincoln की मौत से जुड़ी एक खास घटना.

अपनी मौत से कुछ दिन पहले ही उन्होंने एक बयान दिया था की उन्होंने सपनो में अपनी मौत की घटना को देखा है. उन्होंने इसे बार बार होते हुए न सिर्फ हकीकत की तरह महसूस किया है बल्कि अपने कातिल का चेहरा भी देखा है.

कुछ दिन बाद उनकी मौत ठीक उसी तरह हुई जैसा उन्होंने बयान दिया था. घटना का समय, स्थिति सबकुछ वैसा ही था जैसा उन्होंने सपने के दौरान महसूस किया था.

एक और एतिहासिक घटना को देखे तो वो टाइटैनिक से जुड़ी हुई है. ऐसा माना जाता है की कुछ लोगो को पहले से ही पता था की ये जहाज किस तरह डूबेगा और उसके बावजूद उन्होंने उसमे सफ़र किया.

इतिहास ऐसी कई घटनाओ से भरा पड़ा है जिन्हें पहले ही लोगो ने सपनो के जरिये अनुभव किया था.

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connection between Precognitive dreams and déjà vu

Déjà vu को आज भी हम strangest experiences मानते है. इसका अनुभव क्यों होता है ये आज भी एक रहस्य है और सबसे बड़ी बात इससे आपके ऊपर क्या असर पड़ता है ये कुछ भी नहीं कहा जा सकता है.

इसे और भी ज्यादा strong बना देता है हमारा Precognitive dreams को experience करना क्यों की जब इसके बाद वही सब हमें Déjà vu का अहसास करवाता है तो हम हैरान रह जाते है.

किसी भी real-life event को सपनो के जरिये देखना आपके sixth sense की strong feeling को दर्शाता है.

किसी खास की मौत से जुड़े सपनो के पीछे का राज

Precognitive dreams of death यानि ऐसे सपने जिसमे हम किसी अपने खास की मौत की घटना को देखते है. कई बार तो हम खुद को किसी घटना में मरता हुआ भी देखते है जो की एक चेतवानी होती है.

कई culture में death को एक नयी शुरुआत माना जाता है जो की positive sign की तरह देखा जाता है. कई बार death dream हमारे लिए anxiety की वजह बन जाते है. जब हम निराश हो जाते है तब लाइफ की अहमियत को समझाने के लिए भी हमारा subconscious mind हमें इस तरह के सपने दिखा सकता है.

अगर आप सपनो में अपने किसी करीबी को मरते हुए देखते है और हकीकत में उसकी मौत हो चुकी होती है या होने वाली होती है तो ये आपके inner feeling को दर्शाता है.

जिन लोगो से हम unconscious level पर जुड़े होते है उनकी लाइफ में कुछ भी घटने वाला हो तो हमें सपनों के जरिये अनुभव होने लगता है.

इसे आप premonition dream नहीं मान सकते है क्यों की ये एक चेतावनी को दर्शाता है ना की किसी ऐसी घटना को सच होने वाली होती है. यहाँ पर एक ही घटना की कई वजह निकाली जा सकती है इसलिए इसके बारे में कोई भी एक निर्णय नहीं लेना चाहिए.

How do precognitive dreams work?

सच होने वाले सपने किस तरह काम करते है इसे समझने के लिए आपको इसका सीक्रेट समझना होगा. क्या आपने कभी गौर किया है की हम इस तरह के सपने में क्या क्या शामिल करते है ? इस तरह के सपनो में हमारे बीते कल की घटना शामिल होती है.

बीते कल में हम जो भी अनुभव कर चुके है उन्हें access किया जाता है. ये सब हमारे unconscious mind में memory के तौर पर सेव रहता है.

सामान्य तौर पर हम इन्ही घटनाओ को सपनों के जरिये देखते है. कुछ घटनाए आपके लिए नयी होती है क्यों की वो आपके साथ कब हुई ये आपको कोई आईडिया नहीं होता है.

वर्तमान में हम जो कुछ भी कर रहे होते है और अगर हमारा फोकस उस पर रहता है तो हमारा माइंड हमें सपनों के जरिये आने वाले कल का संकेत देता है.

आज दुनियाभर से कई लोग ऐसे है जिन्होंने आने वाले कल को सपनों में देखने का दावा किया है. ये सिर्फ आपके inner feeling के रिजल्ट है जो किसी के साथ भी जाने अनजाने में हो सकता है.

इसका मतलब ये नहीं है की आप किसी भी तरह से psychic है.

psychic वे लोग है जो घटनाओ को अपने तरीके से महसूस करते है ना की जाने अनजाने में. वे जब चाहे इसे access कर सकते है.

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Lucid dreaming precognition

हम सब पहले ही lucid dreaming के बारे में काफी कुछ पढ़ चुके है. ये ऐसे सपने होते है जिन्हें हम मनचाहे तरीके से कण्ट्रोल करते है.

क्या कभी ऐसा हुआ है की आपने सोते समय खुद से कोई सवाल किया हो और आपको सपने में उससे जुड़ी भविष्य की घटना के संकेत दिखे हो ?

इस तरह का होना Lucid dreaming precognition को दर्शाता है जहाँ पर आपका मस्तिष्क हर संभव डाटा को लेकर उसका संभावित परिणाम खोजने का प्रयास करता है जैसे एक कंप्यूटर डाटा को process कर रिजल्ट देता है.

अब इन दोनों के बीच क्या connection है ये जान लेते है.

इसके पीछे 2 खास वजह हो सकती है जहाँ पर ये 2 अलग अलग phenomena आपस में relate करते है.

  • Ambient यानि सपने देखने वाला सिर्फ एक observer है. वो सिर्फ precognitive event को observe करता है.
  • Active यानि ऐसा lucid dreamer जो खुद को active रखता है और इस दौरान precognitive dream को access करने की कोशिश करता है.

हालाँकि कई बार ऐसा होता है की हम अपने मनचाहे रिजल्ट को पाने के लिए इस तरह के सपने नहीं देख पाते है लेकिन combining precognitive dreams and lucid dreaming process के जरिये इसे संभव किया जा सकता है.

ये उन लोगो के लिए फायदेमंद है जो सपनो में आने वाले कल के lottery and lotto no. देखना चाहते है. वे इसे दोनों के connection की वजह से महसूस कर सकते है.

How to experience precognitive dreams final conclusion

अगर आप वो सबकुछ कण्ट्रोल कर सकते है जो हो रहा है या होने वाला होता है तो इसका मतलब है की आप अपने एक्शन को कण्ट्रोल को कण्ट्रोल कर सकते है. अगली बार जब भी आप ऐसे सपने देखे जो आपकी भविष्य से जुड़े है लेकिन आपको वो देखना पसंद नहीं है तो खुद से सवाल जरुर करे.

क्या मेरे पास ऐसी power है जिसके जरिये में इसे बदल सकता हूँ और मनचाही घटना को देख सकता हूँ.

अगर आपका मन कहे की हाँ तो समझ ले की आपके पास ये शक्ति एक god gifted है. इसका इस्तेमाल आप अपने और अपने आसपास के लोगो के लिए कर सकते है. सपने में glimpse of your future को देखना आपके inner feeling को दर्शाता है जिसके जरिये आप खुद को किसी भी तरह के आउटकम के लिए तैयार कर सकते है.

आज की पोस्ट में precognitive dreams से जुड़ी हर डिटेल को समझने के बाद आप जान ही गए होंगे की इसे किस तरह हम अपने लाइफ में इस्तेमाल कर सकते है.

मानसिक साधनाए और उनके दुष्प्रभाव जिनकी वजह से हम साधना में असफल हो जाते है

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Side effects of psychic energy in Hindi मानस साधना या फिर मानसिक साधना वो होती है जिसमे हम खुद के मानसिक उर्जा द्वारा किसी उर्जा को साकार रूप देते है. प्राचीन समय में जिन कृत्या, मानस कन्या या पुत्र का जिक्र किया जाता था उन्हें इसी साधना द्वारा उर्जा को एक रूप दिया जाता था.

दूसरी साधनाओ से मानस साधना कुछ मायने में अलग होती है और इनमे रखी जाने वाली सावधानियां भी. आज हम बात करने वाले है Side Effects Of Psychic Energy के बारे में जिसमे हम जानेंगे की किस तरह कुछ साधनाए हमें मानसिक रूप से कमजोर बना सकती है.

अभी तक हमshadow person ritual ( हमजाद साधना ), tulpa energy formation ( तुल्पा ), मानस साधना इन सबके बारे में पढ़ चुके है. इन सभी साधनाओ में एक बात कॉमन है और वो है इनका किसी उर्जा द्वारा एक साकार रूप में परिवर्तन होना.

इस बात में कोई शक नहीं की इनकी शक्तियां साधक के मन से संचालित होती है लेकिन एक वक़्त ऐसा आता है जब आप इनके ही चंगुल में फंस जाते है.

Side effects of psychic energy

इन शक्तियों को हम एक ऐसे प्रोग्राम की तरह कह सकते है जिन्हें हम बनाते तो अपने काम के लिए है लेकिन वक़्त के साथ इनमे खुद की thinking power development होना शुरू हो जाता है. ऐसा तब होता है जब साधक का self emotion control कमजोर पड़ जाता है.

ऐसी स्थिति में ये साधनाए हमें Side effects of psychic energy का गलत प्रयोग करने के लिए या फिर स्वार्थ की सिद्धि के लिए भटकाने की कोशिश करती है. जब हम ऐसा करना शुरू कर देते है तब ये शक्ति अपना खुद का आकार और सोच बनाना शुरू कर देती है.

Side effects of psychic energy

साधनाए कई तरह की है जिसमे से कुछ साधनाए साधक के मन से संचालित होती है. इस वक़्त ऐसी कई सारी साधनाए है जिन्हें हम activate कर सकते है. इनमे से मुख्य निचे दी गई कुछ साधनाए है.

  • काम पिशाचनी साधना ( लड़की / लड़का वशीकरण की नकारात्मक साधना )
  • कर्ण पिशाचनी साधना ( भूत बताने वाली साधना )
  • हमजाद साधना ( मन से संचालित शक्तिशाली लेकिन नकारात्मक मानी जाने वाली साधना )
  • मानस कृत्या साधना ( ये साधना सात्विक साधना मानी जाती है लेकिन समय ज्यादा लेती है )
  • तुल्पा उर्जा का निर्माण ( साधक या किसी तरह की मंडल में भटक रही उर्जा को एक जगह बांधना )

ये सभी साधनाए साधक की मानसिक उर्जा से भी संचालित होती है इसलिए इस तरह की किसी भी साधना में किसी भी दुसरे विधान से ज्यादा महत्वपूर्ण होता है साधक का मानसिक नियंत्रण. psychic energy ritual में हम telepathy, telekinesis and telecommunication को भी ले सकते है जिसमे third eye activation जैसी process भी शामिल है.

इस तरह की साधना करने से पहले हमें आत्म-नियंत्रण का अभ्यास कर लेना चाहिए जो की बेहद जरुरी है. अगर हम ऐसा नहीं करते है तो साधना सिद्धि के बाद Side effects of psychic energy की वजह से जल्दी ही हम साधना को या तो नष्ट कर लेते है या फिर उन शक्तियों के चंगुल में फंस जाते है जिन्हें हमने अपनी ही सोच से बनाया था.

इस पोस्ट में इन खास टॉपिक को जोड़ा गया है जिन्हें आप निचे क्लिक कर भी पढ़ सकते है.

मानसिक उर्जा और उसके नुकसान

मानसिक उर्जा यानि psychic energy की परिभाषा लोगो के लिए अलग अलग हो सकती है. सबसे आसान शब्दों में अगर हम इसे समझने की कोशिश करे तो ये हमारे आसपास के मंडल में बह रही उर्जा है जो की हमारे thought and intention पर respond करती है.

कुछ लोग इसे साधक की खुद की उर्जा मानते है लेकिन ये सब universal energy है जिसे एक reiki energy channel shifter अपने जरिये किसी भी माध्यम में flow करवा सकता है. सुनने में ये जितना रोचक लग रहा है इसके नुकसान उतने ही ज्यादा है.

मानसिक साधना के हम पर क्या क्या प्रभाव हो सकते है ?

हर इन्सान के अन्दर psychic powers होती है लेकिन सही तरीके से उन्हें काम में ना ले पाने या फिर गलत activity में लगे रहने की वजह से हम इन पर पकड़ खो देते है. अगर आप ऊपर दी गई किसी तरह की मानसिक साधना का अभ्यास कर रहे है तो ये बेहद जरुरी है की आप मानसिक रूप से मजबूत हो.

Side effects of psychic energy. अगर अभ्यास के दौरान हम अपनी भावनाओ और इच्छा ( वासनाओ ) को काबू नहीं कर पाते है तो इसका सीधा असर हमारी साधना पर पड़ता है.

धीरे धीरे ये शक्ति हमें हमारी उन इच्छा को पूरा करने का प्रलोभन देती है जो गलत होती है या फिर सिर्फ हमारे खुद की इच्छा होती है. दुसरो की मदद करने की बजाय हम खुद की स्वार्थ से भरी इछाओ को पूरा करने में लग जाते है और ये शक्तियां हम पर ही हावी होने लगती है.

कर्ण-पिशाचनी साधना, हमजाद साधना इसका सटीक उदाहरण है.

side effects of psychic energy in hind

जब भी हम मानसिक उर्जा यानि psychic ability के साथ काम करते है तो ये कभी ज्यादा कभी बेहद कम स्तर पर महसूस की जा सकती है.

Side effects of psychic energyअगर कभी भी प्रयोग के दौरान आपको महसूस हो की उर्जा का बहाव बेहद कम स्तर पर है तो खुद के अन्दर आने वाले इन बदलावों को आप पहचान कर सकते है.

ये बदलाव हमें बताते है की हम side effect of psychic energy से गुजर रहे है जिसकी वजह से हमें ये changes experience हो रहे है.

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1. हरदम गले में सूखापन लगना – Dehydration

जब भी हम psychic ability के साथ काम करते है तो गले में सूखापन लगने जैसी स्थिति से हम कई बार गुजरते है. जब ऐसा होता है तब हम खुद को बहुत ज्यादा थका हुआ महसूस करते है.

ध्यान की स्थिति में हमें ऐसा ज्यादा अनुभव नहीं होता है लेकिन tratak meditation practice के दौरान खुद को कई बार हम कमजोर महसूस करना शुरू कर देते है.

इस अनुभव से ज्यादातर साधक गुजर चुके है यहाँ तक की में भी शुरुआत के समय में ऐसा अनुभव करता था. इसकी सबसे बड़ी वजह थी त्राटक में psychic energy का जरुरत से ज्यादा इस्तेमाल करना.

आपको याद हो तो त्राटक के दौरान हम ज्यादा से ज्यादा मानसिक भावना का इस्तेमाल करते थे जिसमे खुद को विचार शून्य करना शामिल था.

सामान्य स्तर पर ये हमें परेशान नहीं करता है लेकिन जब हम जरुरत से ज्यादा दबाव बनाकर इसका प्रयोग करते है तो मानसिक दबाव की स्थिति बनती है.

Side effects of psychic energy इस दौरान कमजोरी, शरीर का कमजोर और शिथिल पड़ जाना साथ ही प्यास लगने जैसी स्थिति पैदा होती है.

अगर आप इस तरह की स्थिति से गुजर रहे है तो आपको पानी प्रचुर मात्रा में पीना चाहिए. साधना अभ्यास के बिच में भी हम जल ग्रहण कर सकते है या फिर पानी पास में रख कर खुद को इसके अनुकूल बना सकते है. ऐसा करना हमें Side effects of psychic energy से तो बचाएगा ही साथ ही अभ्यास में मन लगा रहेगा.

2. तनाव की स्थिति – tension

psychic energy भी एक तरह की उर्जा है जिसे needs a clear path to flow की जरुरत पड़ती है. हमारी physical body and energy field में काफी सारे blockage होते है जो उर्जा के प्रवाह को बाधित करते है.

उर्जा के प्रवाह के दौरान बॉडी में सही तरीके से उर्जा प्रवाह ना हो पाने की स्थिति में हम इसके side effect से गुजरते है जिसमे टेंशन शामिल है.

इस तरह की स्थिति तब पैदा होती है जब हम खुद की psychic energy ability के साथ प्रयोग करते है. इस दौरान प्रयोग के बिच में तनाव और परेशानी के साथ साथ बेचैनी महसूस करना शामिल है.

इस side effect से बाहर निकलना एक लम्बी प्रोसेस है जो की बहुत ज्यादा time ले सकती है और साधक को जरुरत से ज्यादा दर्द महसूस करवा सकती है.

तनाव की स्थिति से निपटने के उपाय

इस तरह के Side effects of psychic energy को हटाने के लिए आप निचे दिए गए किसी भी एक मेथड को आजमा सकते है.

  • yoga and meditation : सबसे powerful तरीका जिसके जरिये हम खुद को free energy flow के काबिल बना सकते है. नियमित अभ्यास करना हमें उर्जा से भरपूर और शक्तिशाली बनाने में काफी मददगार है.
  • Tai chi energy workout : ये एक पुरानी तकनीक है लेकिन अभी भी कामयाब और सबसे ज्यादा relax करने वाली है. असल में ये तकनीक हमें उर्जा के बहाव को कण्ट्रोल करना सिखाती है. ये तकनीक आसान है लेकिन शक्तिशाली है जो सांसो के साथ उर्जा के बहाव को नियंत्रित करती है और हम अपनी भावनाओं को अच्छे से नियंत्रित करना सीख जाते है.
  • reiki : ये भी एक तरह की form of energy healing है जिसमे मास्टर अपनी उर्जा के जरिये माध्यम की उर्जा को पकड़ते है. इस प्रोसेस में वो ये पता लगाते है की blockage कहाँ है और इसे सही करते है.
  • Healing Practitioners: बिना किसी बाहरी माध्यम के भी हम खुद के स्तर पर लोगो के साथ मिल कर खुद ही blockage को हटा सकते है. इसमें psychic advisers or energy workers शामिल है जिसमे गलती करो और सुधारो जैसी प्रोसेस से गुजरा जाता है. कई तरह की प्रोसेस से गुजरने के बाद हम खुद physical body में आए blockage को हटाने में कामयाब हो जाते है.

5 Things that might be blocking your psychic powers

psychic powers हमारे आसपास बहने वाली उर्जा और हमारे मन की शक्ति है. दुसरे शब्दों में कहे तो हर इन्सान के अन्दर ये शक्ति या उर्जा का भरपूर स्त्रोत है लेकिन इससे जुड़ी सही जानकारी के अभाव में हम खुद अपनी उर्जा को ऐसे लोगो को चूसने देते है जो हमारी उर्जा को धीरे धीरे ख़त्म कर देते है या उसे ब्लाक कर देते है. Side effects of psychic energy

आइये जानते है Side effects of psychic energy में से एक उन वजहों के बारे में जो आपकी उर्जा को ख़त्म कर देती है.

1. energy vampires के सम्पर्क में ज्यादा रहना

आपके आसपास ऐसे लोगो की कमी नहीं है जो दुसरो की उर्जा पर जीते है. जिस तरह से एक औरत दूसरी की बराबरी नहीं कर सकती है इसलिए वो दुसरो से उसकी चुगली कर खुद को तसल्ली देती है ठीक उसी तरह ऐसे लोगो की पहचान करे जो आपको भावनात्मक रूप से कमजोर बनाती है. ऐसे लोग जो खुद कुछ नहीं कर सकते है वो या तो आपको कुछ भी करने से रोकते है जैसे की ये आपसे नहीं हो पायेगा या आपके बस की बात नहीं जैसे शब्दों का इस्तेमाल कर आपको कुछ भी करने से रोक देते है.

ये लोग असल में आपको आपकी क्षमता से दूर कर देते है या फिर खुद को बेचारा दर्शाकर आपकी सहानुभूति हासिल करने की कोशिश करते है.जब आप ऐसा करना शुरू कर देते है तो धीरे धीरे खुद को थका हुआ कमजोर महसूस करना शुरू कर देते है. खुद में आने वाले ज्यादा बदलाव और इसके बचाव के लिए आप energy vampire की पोस्ट को जरुर पढ़े.

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2. Stress को seriously ना लेना

हम में से ज्यादातर लोग तनाव को सीरियस नहीं लेते है जिसकी वजह से इसके छिपे हुए खतरे से अनजान रहते है. आपको बता दे की hormonal imbalances की सबसे बड़ी वजह में high level stress भी एक है. इसका सीधा असर हमारे pineal gland पर पड़ता है जो सबसे बड़ी मानसिक शक्ति के स्त्रोत third eye को block कर देने के लिए काफी है.

इसे समय रहते पहचाना नहीं जाता है तो spiritual practice करने के बावजूद हम इसमें सही अनुभव नहीं कर पाते है और धीरे धीरे spiritual slaves बन कर रह जाते है.

3. not spending enough time with nature

इससे कोई फर्क नहीं पड़ता है की हम शहर में रह रहे है या फिर गाँव में दिन का कुछ समय हमें प्रकृति के साथ बिताना चाहिए. ऐसा करना हमें खुद से जोड़ता है और emotional way में मजबूत बनाता है. ऐसा नहीं होने की वजह से हम खुद पर पकड़ खो देते है. ये सबसे बड़े Side effects of psychic energy में से एक है जिसे हम ignore कर जाते है.

4. हम दिनभर क्या खाते और करते है ये मायने रखता है

हम दिनभर किस तरह की activity को ज्यादा करते है इसका सीधा असर हम पर पड़ता है. खेलकूद हमें फिट बनाता है और योग ध्यान से हम मानसिक रूप से मजबूत बनते है साथ ही सही खाना हमें पोषक तत्व देता है. समय समय पर ऐसी चीजे जो हमारो बॉडी को detox करती है लेना भी जरुरी है.

अगर हम ऐसा नहीं करते है तो मानसिक रूप से फिट नहीं रह पाते है और ऐसे में मानसिक शक्तिया यानि psychic powers के साथ काम करना बेहद मुश्किल बन जाता है.

5. negative energy – नकारात्मक लोगो से टकराव

मानसिक शक्ति से जुड़े Side effects of psychic energy में negative energy से गुजरना एक most exhausting and abusive form of draining energy effect है जिससे हम चाहते हुए भी हर बार ignore नहीं कर सकते है.

ये एक ऐसी स्थिति है जिसमे हम अचेतन रूप से उन लोगो से ही प्रभावित हो जाते है जिन पर हम प्रयोग करते है जैसे की psychic detectives or phone advisers यानि दुसरो के मन में क्या चल रहा है और वो हमें फोन करे ( सबसे ज्यादा की जाने वाली practice ) शामिल है. Side effects of psychic energy

इन दोनों ही स्थिति में हम प्रयोग को शुरू तो कर देते है लेकिन जब सामने से हमें किसी तरह का response नहीं मिलता है तो हम खुद में willpower की कमी महसूस करना शुरू कर देते है. इस तरह का बदलाव एक जोंक की तरह हमारी उर्जा को शोषित कर लेता है क्यों की प्रयोग सफल ना हो पाने की स्थिति में हमारा मन unconscious way में negative thoughts से घिरना शुरू हो जाता है.

इसमें वो लोग भी शामिल है जो हमारी energy को negative thoughts के जरिये सोखते रहते है. ऐसे लोगो को psychic vampire के नाम से जानते है जो दुसरो की उर्जा को सोखते रहते है क्यों की खुद negative energy से घिरे हुए रहते है. ऐसे लोगो को हम खुद पोषित करते है और खाली हो जाते है.

जब आपके साथ इस तरह का Side effects of psychic energy जैसी स्थिति बन जाती है तो खुद को इन सबसे दूर रखने की कोशिश करे, अगर ऐसा न कर पाए तो खास समय अंतराल पर खुद को positive energy से स्ट्रोंग बनाने की कोशिश करे.

हम खुद को आसपास के लोगो से दूर नहीं रख सकते और ऐसे में इस तरह की स्थिति से गुजरना आम बात है इसलिए निचे दिए तरीके से आप खुद का बचाव कर सकते है.

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मानसिक उर्जा को स्ट्रोंग बनाने के लिए किये जाने वाले प्रयोग

 Step 1 – Cleansing Ritual

ये एक spiritual practice है जिसमे हम शरीर नहीं बल्कि energy field को साफ़ करने का काम करती है. ये हमें हर उस unwanted stuck energy attack से बचाती है जो जाने अनजाने हमारे साथ attach हो जाती है.

Side effects of psychic energy इस प्रोसेस को आप जब भी आपको जरुरत लगे आजमा सकते है. इसके लिए 2 तरह के प्रोसेस को घर पर कर सकते है.

Dowsing: ये एक healing process है जिसमे एक pendulum का इस्तेमाल किया जाता है. हीलर यानि reiki master इसे माध्यम के शरीर के चारो ओर एक दिशा में घुमाते है जब तक की negative energy शरीर के सभी blockage को सही ना कर दे.

जब ये प्रक्रिया पूरी हो जाती है तब एक्सपर्ट माध्यम के बॉडी के चारो और universal energy के flow को सही करते है और माध्यम अपने अन्दर बदलाव महसूस करने लगता है.

Smudging: ये एक सबसे आसान मेथड में से है जो कोई भी खुद के स्तर पर कर सकता है. खास तरह की herbs जैसे की Sage, Cedar or Sweet grass को धुनी में सुलगा कर हम अपने आसपास की negative energy को दूर करते है.

इसके अलावा इन सुखी घास को सुलगाकर हम अपने आसपास कर सकते है जिससे की बॉडी इसके संपर्क में बनी रहती है. इस प्रक्रिया में आपके मन में विश्वास जगाना भी जरुरी है की negative energy ख़त्म हो रही है.

ध्यान लगाना इसके लिए सबसे बढ़िया प्रयोग हो सकता है इसलिए अगर आप Side effects of psychic energy से जूझ रहे है तो इसे जरुर करे.

Step 2 – Stay Balanced

हमें अपने psychic energy को बैलेंस्ड रखना चाहिए. दिनभर के busy schedule में भी हम इतना time तो निकाल ही सकते है की आधा घंटा खुद को दे सके. आप इस दौरान एक छोटा सा प्रयोग कर सकते है जैसे की अक्सर ज्यादा गुस्सा आने पर किया जाता है.

सांसो को अन्दर ले और उसे अन्दर रोकते हुए अपनी उर्जा को एक जगह concentrate होने का निर्देश खुद को दे.

कुछ समय बाद ही हम उस अंग में उर्जा के बहाव को महसूस करने लगते है. इसके साथ मन में शांति का अहसास और भावनाओं में ठहराव को साफ महसूस किया जा सकता है.

3. Use a Psychic Shield against Side effects of psychic energy

किसी भी साधना में बैठने से पहले किया जाने वाला महत्वपूर्ण कदम है सुरक्षा कवच का निर्माण करना. हर किसी के लिए ये अलग अलग हो सकता है जो की उनके अपने विचार और विश्वास पर निर्भर करता है.

अगर आपको लगता है की आप पर बार बार psychic vampire attack हो रहे है तब आप इसके निर्माण के जरिये खुद का बचाव कर सकते है.

सुरक्षा कवच एक उर्जा का घेरा होता है जो की हमारे physical body के चारो ओर बना हुआ होता है. हम जितना खुद पर फोकस होते है ये उतना ही मजबूत होता जाता है.

वास्तव में हमारी मानसिक उर्जा का कवच होता है जिसे aura energy fields के नाम से भी जानते है.

4. Awareness

हमें खुद को अपने आसपास होने वाली हर घटना के प्रति खुद को ज्यादा से ज्यादा अवेयर करना चाहिए. हमें पता होना चाहिए की हमारे विचारो का हम पर क्या प्रभाव पड़ रहा है और सही विचारो के जरिये खुद को be positive कैसे बनाये.

एक बार हमें पता चल जाता है और हम इन सबके प्रति conscious aware हो जाते है तो उसके बाद ऐसी किसी भी स्थिति से निपटना आसान बन जाता है. Side effects of psychic energy

जब भी खुद की या दुसरो की psychic energy के साथ काम करते है तो हमें Side effects of psychic energy के बारे में भी पता होना चाहिए वर्ना इसके अभाव में ना सिर्फ हम खुद का नुकसान करते है बल्कि अपनी ही मानसिक शक्ति को भी खो देते है जिसके आगे चलकर और भी दूरगामी परिणाम झेलने पड़ सकते है.

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मानसिक साधना में क्या सावधानी रखनी चाहिए

ध्यान और योग हमेशा routine में शामिल कर ले. Side effects of psychic energy. हर रोज सुबह किया गया ध्यान आपको ना सिर्फ शारीरिक बल्कि मानसिक रूप से भी मजबूत बनाता है. ये हमें अपने भावनाओ पर काबू करना और खुद को बेहतर तरीके से समझने में मदद करता है.

खुद को negative thought से मुक्त रखे. एक negative thought 100 positive thought पर भारी पड़ता है और बड़ी उम्मीद को ख़त्म कर सकता है.

खुद को नकारात्मक विचारो से मुक्त रखे. कभी भी खुद की क्षमता पर शक ना करे और अगर आपको लगता है की आपके सामने आपकी क्षमता से ज्यादा बड़ा target है तो अपने मन से जुड़े और इसका सामना करे.

अपने personal selfish जैसे मुद्दों से ऊपर उठे. हर इन्सान की अपनी इच्छा और भावनाए होती है लेकिन हमेशा अपने मुद्दों को ही ज्यादा महत्व ना दे. अगर आपके पास कुछ ऐसा है जिससे आप दुसरो की मदद कर सकते है तो ऐसा करे बजाय उसका फायदा सिर्फ अपने कार्यो की पूर्ति के.

remote viewing

ऐसा करना आपको दुसरो के साथ जोड़ता है और साथ ही इछाओ पर काबू पाने में मदद करता है.

खुद को वासनाओं से मुक्त रखे. Side effects of psychic energy. इन्सान के सबसे बड़े शत्रु में से एक है उसकी अपनी वासना और मानसिक शक्ति पर ये काफी बुरा असर डालती है. इस तरह की शक्ति के लिए आपका वासना से ऊपर उठाना बेहद जरुर है. अगर आप काम भावना से पीड़ित है तो मेरी आपको यही सलाह है की इसे एक दिशा दे और खुद को सही रास्ते पर आगे ले जाए.

प्रयोग का उदेश्य और संकल्प अपनी और दुसरो की मदद हो ना की खुद की इच्छा पूर्ति Side effects of psychic energy. खुद के लिए तो हर कोई जीता है जो दुसरो के लिए जीता है वही खुद को जीतता है.

अगर आपके पास कुछ ऐसा है जिसके जरिये आप दुसरो की मदद कर उनके दुःख दूर कर सकते है तो ऐसा करे क्यों की ऐसा करने से आपके अन्दर लोगो से जुडाव पैदा होगा जो की दुसरो के साथ आपके भावनाओ को साफ रखेगा.

Side effects of psychic energy final word

दोस्तों psychic energy के साथ काम करना किसी जादू से कम नहीं अगर आप इस पर अपनी पकड़ सही बना लेते है. ये जितना रोचक है उतने ही इसके छिपे हुए खतरे भी. अगर आप इसमें सावधानी नहीं बरतेंगे तो बहुत जल्दी आप शक्ति पर अपनी पकड़ को खो देंगे और कोई और आपकी सारी उर्जा को चुरा कर खाली कर सकता है.

मानसिक शक्तियां साधक के साथ जुड़ी रहती है और उसकी भावनाए उनकी शक्ति का मुख्य स्त्रोत इसलिए अगर आप अपनी भावनाओ पर काबू नहीं पा सकते है तो इनके साथ काम करना आपके लिए बेहद बुरा अनुभव बन सकता है. Side effects of psychic energy

Aura energy field हमारे लिए एक protection shield की तरह काम करता है. इसे जितना मजबूत बना सकते है बना लीजिये और फिर मानसिक शक्तियों का अभ्यास करे आपको सफलता भी मिलेगी और अच्छे अनुभव भी.

How to Practice 7 Stage of Spiritual Alchemy and Experience Powerful Spiritual Enlightenment

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Spiritual alchemy एक ऐसी प्रक्रिया है जिसमे Spiritual transformation होता है. व्यक्ति के अन्दर हो रहे बदलाव आध्यात्मिक स्तर पर होते है ना की भौतिक रूप से. ये एक ancient philosophy है जैसे किसी मेटल को सोने में बदलना.

जब एक धातु को सोने में बदला जाता है तो वो अपने Highest form में पहुँच जाती है यानि एक तरह से spiritual enlightenment की अवस्था. इस आर्टिकल में हम How to practice spiritual alchemy के बारे में बात करने वाले है.

अगर बात करे alchemy की तो ये एक विज्ञान है जहाँ लेड को सोने में बदला जाता था. यहाँ लेड को भौतिक रूप से सामान्य और सोने को आध्यात्मिक रूप से जाग्रत का संकेत माना जाता है. जब हम transformation process से गुजरते है तब काफी सारे बदलाव देखने को मिलते है.

एक गुण को अपने सबसे उच्च स्तर तक पहुंचना इस विज्ञान का उदेश्य है. जब हम बात करते है spiritual alchemy की तो हम अपने spiritual self को फ्री कर रहे है.

How to Practice 7 Stage of Spiritual Alchemy and Experience Powerful Spiritual Enlightenment

ये पूरी process हमारे बाह्य से अंतर में जाने की क्रिया है और इसे 7 स्टेज में पूरा किया जाता है. हम आमतौर पर fears, personal beliefs, self-loathing जैसे मुद्दों में उलझे हुए रहते है जिसकी वजह से आगे नहीं बढ़ पाते है.

आमतौर पर हम इनसे दूर भागने की कोशिश करते है या फिर छिपाने की कोशिश करते है लेकिन आध्यात्मिक बदलाव की क्रिया में हम इनका सामना करते है.

Soulful awareness को सबसे उच्च स्तर की स्टेज माना जाता है. इन सभी प्रक्रिया से गुजरना हमारे अन्दर की personality restructure पर काम करता है जिसके अलावा various levels of attachment, avoidance, and identification पर भी हम खुद में आध्यात्मिक स्तर पर बदलाव लाते है.

उन दिनों famous psychiatrist C. G. Jung को इसका पूरा श्रेय जाता है जिन्होंने rich symbolism of alchemy से हमारा परिचय करवाया.

हम उन चीजो का सामना करते है जो हमें हमारा ही दुश्मन बना देती है साथ ही अपने spiritual self यानि reflection को ज्यादा से ज्यादा साफ़ बनाना हमारा उदेश्य बन जाता है. आइये अब जानते है 7 stages of spiritual alchemy के बारे में.

What is spiritual alchemy?

इसे हम चाहे विज्ञान माने या फिर spiritual psychology लेकिन एक बात common है और वो है transformation और ये बदलाव हर स्तर पर देखने को मिलता है. जिस तरह physical alchemy में किसी matter की properties में बदलाव किये जाते है उसी तरह इसमें हम आध्यात्मिक सेल्फ में बदलाव लाते है.

Alchemy एक विज्ञान है जहाँ एक मेटर के गुण में बदलाव कर उसके सरंचना में बदलाव किया जाता है. यहाँ पर ये गुण हमारे अंतर के है जिन्हें अलग अलग स्तर पर सही किया जाता है और spiritual self उच्चतम स्तर पर बेहतर बनाया जाता है.

ये प्रक्रिया हमें हमारे core wounds, core beliefs, soul loss, and other self-destructive personality को heal करते हुए उनसे फ्री करती है. ध्यान दे यहाँ हम इन्हें छिपाते नहीं है और ना ही इनसे दूर भागते है बल्कि इन्हें समझते हुए इनका सामना करते है.

Pure being or soulful awareness जैसी अवस्था हमारे अन्दर पहले से ही है. फर्क सिर्फ इतना है की वर्तमान में हम अपने दुःख और तकलीफ से खुद को इतना दूर कर लेते है की इस अवस्था से खुद को दूर कर लेते है. ये प्रक्रिया हमारे personality को दोबारा पुनर्निर्मित करती है.

जब हम अंतर में उतरना शुरू करते है तब हम अहसास करते है की किस तरह हम खुद के ही दुश्मन बनते जा रहे है. इन सब प्रक्रिया से खुद को पहचानने की क्रिया में हम 7 stages of spiritual alchemy से गुजरते है.

How to practice spiritual alchemy

इस आध्यात्मिक प्रक्रिया से गुजरने के लिए हम हर स्टेज में खुद को 2 प्रक्रिया से गुजारते है जिसमे पहली है ब्रेकडाउन और दूसरी है अलग करना. इसके बाद फिर से खुद को एक करना इस प्रक्रिया में शामिल है.

ये एक psychological metaphor है जिस तरह सोने को प्राप्त करने के लिए धातु को हम बार बार तोड़ते है और अलग कर फिर से एक करते है.

इस पूरी प्रक्रिया के अलग अलग चरण है जिसमे 7 स्टेज सबसे ज्यादा common है और आज की इस आर्टिकल में हम उन्ही 7 स्टेज के बारे में बात करने वाले है.

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Calcination

इस प्रक्रिया में Heating And Decomposing Raw Matter की प्रक्रिया शामिल है. यहाँ हम उन हिस्सों को खुद से अलग करते है जो अपने आप होने के लिए उत्तरदायी होते है. जब ऐसा होता है तब हम इनके बीच आसानी से अंतर कर पाते है.

इस प्रक्रिया में सबसे पहले हम अपने Egos, Self-Doubt, Stubbornness, Self-Sabotaging Behavior, Pride, And Arrogance को खुद से अलग करते है. गौर करे तो हमारे ईगो, खुद पर डाउट ये ऐसे गुण है जो अपने आप बढ़ते है.

इन्हें सिर्फ बनने के लिए एक वजह चाहिए और उसके बाद ये अपने आप विस्तार करना शुरू कर देते है. जब हम खुद से इन सब प्रॉपर्टी को अलग करते है तब हम पाते है की हम वास्तव में इन सबसे अलग है.

Dissolution

जब हम ईगो जैसे personality characteristics से खुद को अलग करते है तब Spiritual alchemy के अगले स्टेज में हम Spiritual maturity से गुजरते है. इस अवस्था में हम जाने अनजाने ही इस तरह के अनुभव करते है जो हमारे अन्दर आध्यात्मिक बदलाव की प्रक्रिया की शुरुआत करते है.

ये पूरी प्रक्रिया Spiritual awakening or spiritual maturity कहलाती है. इस दौरान हम अपने अन्दर की Positive And Negative Qualities की पहचान करते है.

आमतौर पर हम खुद को उन गलतियों के लिए जिम्मेदारी लेने से असहज महसूस करते है जो हम करते है.

हम गलतियाँ तो करते है लेकिन उन्हें accept नहीं करते है. बीते कल की कुछ यादे जो हमारे लिए बुरा अनुभव बन कर उभरती है उन्हें वर्तमान में हम छिपाते है ना की इसका सामना करते है.

धीरे धीरे हम इन सबही यादो को अवॉयड करना शुरू कर देते है.

अगर गौर करे तो हम इसका सामना तब करते है जब हम illnesses and misfortunes जैसे समय से गुजरते है. ये वो समय होता है जब हमारे पास सोचने और समझने के लिए काफी समय मिलता है और इसी समय हम उन चीजो पर गौर करते है जिन्हें आमतौर पर हम अवॉयड करते आये है.

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Separation

Spiritual alchemy की इस स्टेज में हम Separation से गुजरते है जहाँ पर thoughts and emotions के बीच अंतर कर खुद को उनसे isolate करना सीखते है. इसका सबसे बड़ा उदाहरण जो आमतौर पर देखा जाता है वो है किसी को दिल से माफ़ करना.

हम एक ऐसे thoughts and emotions से खुद को अलग करते है जो हमारे लिए सही नहीं है. इस स्टेज में हम किसी व्यक्ति के लिए हमारी उन feeling को समझना शुरू करते है जो वास्तविक है न की दिखावा.

किसी व्यक्ति के लिए हमारे मन में anger, frustration, or disappointment जैसे कई इमोशन हो सकते है. इन सबको छिपाने की बजाय खुलकर इसका सामना करना हमें ये अहसास करवाता है की आखिर क्यों हमें इसे ठीक करने की जरुरत है.

जब हम जानते है की इस तरह के इमोशन हमारे लिए सही नहीं है तो फिर दोहरा दिखावा क्यों ?

खुद को इन सब इमोशन और विचारो से अलग करना इस स्टेज का हिस्सा है जो हमारे अन्दर धीरे धीरे बदलाव लाना शुरू कर देती है.

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Conjunction

शुरुआती 3 स्टेज से गुजरने के बाद हम अंतर में उतरना शुरू करते है. गौर करे तो अभी तक हम सिर्फ बाहरी गुणों पर काम कर रहे थे जो हम दूसरो के साथ शेयर करते थे. अब बारी हम हमारे अंतर से जुड़े उन गुण की जो unconscious thought and feeling के रूप में आन्तरिक प्रक्रिया से जुड़े है.

खुद के authentic self को प्राप्त करने के लिए हम क्या कर सकते है ये सब इस स्टेज पर सीखते है.

इस stage of spiritual alchemy पर unconscious thoughts and feelings अंतर से बाहर निकल conscious awareness तक पहुंचना शुरू हो जाती है. इस अवस्था में हम journaling, introspection, solitude, and meditation जैसी practice के जरिये खुद को strong बनाते है.

Fermentation

Fermentation की process एक तरह से rebirth की तरह है. हम अपने पुराने व्यक्तित्व को ठीक करते हुए खुद को ठीक करते है. जिस तरह अंगूर को निचोड़ कर हम वाइन बनाते है उसी तरह इस स्टेज में हम 2 अलग अलग प्रक्रिया से गुजरते है.

इसकी पहली अवस्था है हमारे पुराने गुण पर काम करना और दूसरी अवस्था में हम एक नयी अवस्था को प्राप्त करते है.

सबसे पहले हम खुद को decomposition से गुजारते है. Fermentation in Spiritual alchemy ठीक उसी तरह है जैसे हम पिछले पोस्ट में Shadow work के बारे में पढ़े थे. इस दौरान conscious and unconscious minds उन सभी अवस्था से गुजरता है जिनसे हम खुद को धीरे धीरे अलग करते है.

Spiritization के दौरान जब हम अपने negative element से खुद को अलग कर लेते है तब बचता है सिर्फ एक नया व्यक्तित्व. right guidance and with solid inner work के साथ हम खुद को और दूसरो को माफ़ करना सीखते है.

इस अवस्था में हम अपने तनाव का सामना करते है. हर वो हालात जिससे हम गुजरते है और एक नयी शुरुआत करते है. एक सही guide और solid inner work के साथ हम किसी भी स्थिति का सामना कर सकते है. मन में छिपे हुए किसी भी भाव को हम खुद से कैसे दूर कर सकते है और दूसरो को माफ़ करना Spiritual alchemy की इस स्टेज का हिस्सा है.

यहाँ हम एक Spiritual transformation से गुजरते है जो हमारे अन्दर Great Inner Peace And Stillness develop करती है.

Distillation

एक बार spiritual realizations की शुरुआत होने के बाद हम इसमें आगे ही बढ़ते जाते है. इस स्टेज में हम further purification से गुजरते है जिसमे होने वाले बदलाव अब स्थायी तौर पर देखने को मिलते है. एक बार हम खुद को स्टेबल रखना सीख लेते है तब हम हर रोज खुद को एक अवस्था में आसानी से रख सकते है.

अब हम खुद को वर्तमान में रखते हुए कई बार rebirth से गुजरते है अब हर रोज होता है.

इस अवस्था में Strong And Profound Inner Transformation की प्रक्रिया शामिल है जिसे ज्यादातर लोग self-realization or spiritual enlightenment के नाम से जानते है. एक ऐसी अवस्था जिसमे हम खुद के अस्तित्व की हकीकत को पहचानते है और आगे बढ़ते है.

Distillation की प्रक्रिया हमें और भी ज्यादा स्थायी अनुभव लेने में मदद करती है और हम हर रोज खुद को एक अवस्था में रखना सीख लेते है.

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Coagulation

7 stages of spiritual alchemy के अंतिम पड़ाव में ये पड़ाव सबसे अहम् है क्यों की अब तक हम जो कुछ अनुभव करते आए है उसे लेकर हमारे अन्दर एक ऐसी क्षमता विकसित होती है जो भविष्य में किसी भी तरह के negative experience से अपने आप को बचाने की तकनीक को विकसित कर लेती है.

हमारे खून में एक खास क्षमता है की जब भी हमें चोट लगती है तो खून में पाए जाने वाले कण इसे गाढ़ा होकर अधिक बहाव से बचा लेते है.

Spiritual enlightenment की प्रक्रिया से गुजरने के बाद हम पाते है की अब हम अपने मस्तिष्क से आजाद है. अब हम किसी एक शरीर तक सिमित नहीं रहते है बल्कि consciousness or Soul को prime God से connect करना शुरू कर देते है.

अब हम खुद को duality से फ्री कर लेते है और एक ऐसे मीटिंग पॉइंट पर खुद को पाते है जो 2 एक दूसरे के विपरीत स्थानों का मिलन स्थान है. जिस तरह स्वर्ग और नरक के बीच एक मिल्न स्थान है अब हम आत्मा और भौतिक शरीर के बीच की अवस्था में खुद को पाते है.

आध्यात्मिक जागरण की प्रक्रिया से गुजरने के बाद व्यक्ति विशेष में भौतिक संसार को लेकर किसी तरह से detachment पैदा नहीं होता है. अब physical universe किसी mind or spiritual reality से अलग नहीं होता है बल्कि दोनों को रिफ्लेक्ट करता है.

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Spiritual alchemy symbols में खास क्या है

अगर आप इस पूरी प्रक्रिया को ध्यान से गौर करे तो पाएंगे की ये प्रक्रिया हमें ना तो आध्यात्मिक बनाती है ना ही भौतिक से जुड़ाव पैदा करती है. इस पूरी प्रक्रिया का सिर्फ एक मकसद है और वो है हमें 2 अलग अलग अवस्था के बीच कैसे खुद को बनाए रखना है ये सिखाना.

हम भौतिक संसार से सभी कमी को दूर करते हुए खुद को आध्यात्म से जोड़ते है. हम अब भी इसी भौतिक संसार का हिस्सा ही मानते है लेकिन, अब हम परेशान और तकलीफ देने वाली हर अवस्था से खुद को अलग कर चुके है.

हम समझ चुके है की अपने अंतर में छिपे तनाव और तकलीफ को छिपाने की बजाय इसका सामना करना बेहतर है.

Spiritual enlightenment की प्रक्रिया से गुजरने के बाद हम खुद को हर अवस्था में स्टेबल रखना सीख लेते है. ये अवस्था अब स्थायी बन जाती है क्यों की अब हम हर अवस्था में खुद को तनाव से मुक्त रखते है.

Spiritual alchemy की प्रक्रिया हमारे अन्दर के सभी अवगुण को अलग कर refine करती है और हम अपने better form of self में पाते है.

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Spiritual Alchemy, The Occult, & Art final conclusion

प्राचीन समय से इस प्रक्रिया को alchemical process and occult practices के नाम से जाना जाता आ रहा है. कुछ लोगो के लिए ये एक जादू का हिस्सा है क्यों की हम जिस तरह के transformation से गुजरते है और खुद को नया अवतार देते है वो सामान्य स्तर की प्रक्रिया नहीं है.

Spiritual alchemy को समझने के लिए हमें खुद को समय देने की जरुरत है क्यों की इसकी हर अवस्था में छिपे हुए Spiritual alchemy symbols का एक यूनिक महत्त्व निकलता है.

जिस तरह एक सामान्य धातु से अशुद्धि को दूर कर उसके गुण में बदलाव कर सोना बनाया जा सकता है ठीक वैसे ही हम अपने अन्दर के अवगुण और अनचाहे तत्वों को दूर कर खुद को आध्यात्मिक चैतन्य बना सकते है.

इस प्रक्रिया से गुजरने के बाद इसके स्थायी प्रभाव हमें लम्बे समय तक देखने को मिलते है.

यहाँ इस आर्टिकल में शेयर की गई 7 stages of spiritual alchemy की जानकारी से आप क्या समझते है और क्या आपको लगता है की ये आध्यात्मिक प्रक्रिया है या किसी तरह का Occult practice हमें कमेंट में बताना ना भूले.

10 myth and Risks of lucid dreaming in Hindi मनचाहे सपने देखने के अनजाने नुकसान

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Lucid dreaming यानि ऐसे सपने जो हकीकत की तरह लगते है और मनचाहे तरीके से experience किये जाते है. हालाँकि इस तकनीक पूरी तरह सेफ है लेकिन, आपको dangers of lucid dreaming के बारे में भी जान लेना चाहिए.

अगर आप मनचाहे सपने देखने की तकनीक में interest रखते है तो आपको Risks of lucid dreaming के बारे में पता होना चाहिए.

कुछ लोगो ने अनुभव किया है की lucid dreaming के बाद उन्हें Sleep quality issue को face करना पड़ रहा है. हम सपने के दौरान जो कुछ भी महसूस करते या देखते है वो सब हमें Realistic लगता है.

हम हकीकत और सपने में फर्क नहीं कर पाते है. कई बार हम हकीकत से बचने के लिए भी इस तकनीक का प्रयोग करते है. इसके सबसे बड़े रिस्क में से एक Sleep paralysis experience भी है जिसे हर कोई face करता है.

कुछ लोगो ने Lucid dream के बाद मानसिक रूप से थका हुआ महसूस किया और ये अनुभव उनके लिए एक अच्छा अनुभव नहीं रहा.

risks of lucid dreaming

इसके दूसरे बड़े रिस्क में से एक lucid nightmare भी है. अगर हम किसी अभ्यास से जुड़े खतरों के बारे में बात कर रहे है तो इसका मतलब ये नहीं है की वाकई में उसके कुछ खतरे है.

हो सकता है की कुछ रिस्क हो या फिर सही तरह से अनुभव ना होने पर जो effect हो वो भी हमारे लिए किसी Side effect से कम नहीं है.

मनचाहे सपने देखना सामान्य सपनो से अलग होता है. ऐसे सपने जिन्हें आप मनचाहे तरीके से देखते है और उन्हें modify कर सकते है. इन सपनो को हम तोड़ मोड़ कर experience कर सकते है लेकिन, ये सपने इतने Realistic होते है की मानो हम सपना नहीं हकीकत में ही सब कुछ अनुभव कर रहे है. इस आर्टिकल में हम Dangers Of Lucid Dreaming के बारे में बात करने वाले है.

The risks of lucid dreaming in Hindi

ये वो सपने है जो हमारी अधूरी इछाओ से जुड़े है. सबसे बड़ा सवाल की आखिर “हम इस तरह के सपने देखते ही क्यों है ?” इसका सीधा सा जवाब है हमारे अवचेतन मन की प्रोग्रामिंग. अवचेतन मन हमारा ध्यान हर उस पहलू से जोड़ता है जो हमारी लाइफ में महत्त्व रखते है. एक उदाहरण के लिए अगर भविष्य में आप किसी इवेंट में शामिल होने वाले है तो आपको इसका सपना आ सकता है.

ये सपना हकीकत की तरह होगा लेकिन, ये आपको बतायेगा की आप इस इवेंट में खुद को किस तरह बेहतर बना सकते है. जो गलती आप इस दौरान face कर सकते है हकीकत में उससे बच सकते है.

ये सपने हम जाने अनजाने में देखते रहते है और अभ्यास के बाद सहज होकर अनुभव कर सकते है. इनका हमारी लाइफ में काफी महत्त्व है लेकिन, कई बार इनका अनुभव हमारी लाइफ में कुछ Negative effect भी डालता है. हम कुछ टॉपिक इसमें कवर करने वाले है जैसे की

  • What are the dangers of lucid dreaming?
  • Can you die in real life from a dream?
  • Can you die from lucid dreaming?
  • Can you get stuck in a lucid dream?
  • Is lucid dreaming addictive?
  • Are lucid dreams tiring?
  • Can you have a lucid nightmare?

इन सब सवालों पर हम यहाँ बात करने वाले है.

क्या मनचाहे सपने देखने का कोई नुकसान है ?

वास्तव में देखे तो मनचाहे सपनो का कोई Possible Risks of lucid dreaming नहीं है. कई बार हमारे अनुभव अच्छे नहीं जाते है या फिर इसके अनुभव हमें इतने वास्तविक लगते है की हम अनजाने भय से घिर जाते है.

आम सपनो को हम बंद आँखों से अनुभव करते है लेकिन, Lucid Dreaming के दौरान हम जो भी फील करते है वो बिलकुल वास्तविक लगता है.

ये इतना वास्तविक होता है की हम उठने के बाद वैसे ही realistic feelings जैसे की sadness, pain, anxiety को experience करते है.

मनचाहे सपनो का कोई नुकसान नहीं है आपको सिर्फ इसे समझने की जरुरत है क्यों की problem तब आती है जब हम हकीकत और सपनो में फर्क नहीं कर पाते है.

कई बार हम इन्हें लेकर नेगेटिव हो जाते है की जो सपनो में हुआ है वो वास्तविक में हो सकता है. इस तरह का डर हमारे daily routine को प्रभावित करता है.

इस तरह की स्थिति तब बनती है जब सपनो पर हमारा पूरी तरह कण्ट्रोल ना हो.

इसका दूसरा नुकसान है हकीकत और सपने में फर्क कर पाना जो की बेहद मुश्किल होता है.

जाने अनजाने में किये गए अनुभव में हम भूल जाते है की ये महज एक सपना है जिसे हम मनचाहे तरीके से देख सकते है. ये हमें बिलकुल हकीकत की तरह लगता है और जब ऐसा होता है तब इसका अनुभव हमारे लिए डरावना अनुभव बन जाता है.

अगर आप इस तरह की Risks of lucid dreaming से बचना चाहते है तो अच्छा होगा की The Lucid dream Journal बनाए.

Read : भगवान महादेव का शक्तिशाली त्रिनेत्र खोलने का मंत्र और साधना का विधान

हकीकत से बचने के लिए हम लुसिड ड्रीम का सहारा लेते है

सुनने में अजीब लगेगा लेकिन, ये एक ऐसी मानसिक अवस्था है जिसमे हम खुद को हकीकत से कुछ समय के लिए दूर कर लेते है.

ये कुछ समय के लिए intentional detachment and distraction from the real world को तय करता है जिसका सबसे common example है शराब का सेवन करना. जिस तरह हम नशे के दौरान कुछ समय के लिए हकीकत से दूर हो जाते है वैसे ही मनचाहे सपने हमारे मानसिक तुष्टिकरण को पूरा करते है.

मान लीजिये की आप लम्बे समय से सिंगल है और इस बात से आप काफी परेशान रहने लगे है. आप हर रोज जिस लड़की से भी दिन में मिलते है रात को सोने से पहले उसके बारे में सोचते है और आपका अवचेतन मन आपको सपने के दौरान आप दोनों के बीच एक काल्पनिक रिश्ते को दिखाना शुरू कर देता है. हालाँकि इस तरह के सपने पर आपका कण्ट्रोल नहीं होगा.

कुछ मामले में कण्ट्रोल हो सकता है क्यों की वो सब हम बंद आँखों से एक फिल्म की तरह कल्पना करते है और इस दौरान ही हम lucid dream state में पहुँच जाते है. इस स्टेट में हमारा दिमाग जरुरत से ज्यादा active रहता है क्यों की हम उसे रिलैक्स होने ही नहीं देते है जब की बॉडी थकावट की वजह से सो जाती है.

हकीकत से खुद को छिपाना हमें सिर्फ कुछ समय के लिए ही benefit दे सकता है लेकिन, इसके काफी सारे नुकसान हमें लम्बे समय पर देखने को मिलते है. हम अक्सर हकीकत से भागना शुरू कर देते है.

अगर हकीकत से भागना सही नहीं है तो हम ऐसा क्यों करते है ?

वास्तव में देखा जाए तो कई बार Risks of lucid dreaming की स्थिति का चुनाव करना हमारे लिए सही रहता है. ये हमारा ध्यान problem से हटा देता है ताकि हम सही तरह से सोच समझ कर आगे का प्लान बना सके और समाधान कर सके लेकिन, हर बार हकीकत से भागना सही नहीं रहता है.

Escapism का इस्तेमाल अगर आप खुद को stress free बनाने में करते है तो ये आपको काफी आगे ले जा सकता है लेकिन, हकीकत तब भी वही रहती है.

कुछ लोग इसका प्रयोग हकीकत से खुद को दूर करने के लिए करते है. वे अपनी ही Imaginary world बना लेते है जो उन्हें हर बार हकीकत से छिपने में मदद करती है. लम्बे समय तक इसका प्रयोग करने की वजह से हमें इसे Side effect से गुजरना पड़ता है.

आपको इन दोनों स्थिति में फर्क करना आना चाहिए.

Experiencing sleep paralysis

हम बात कर रहे है The risks of lucid dreaming की और sleep paralysis experience का जिक्र न हो ऐसा हो ही नहीं सकता है. एक ऐसा अनुभव जिसे कुछ लोग Paranormal activity experience से जोड़कर देखते है वही कुछ लोग इसे हमारे Body और mind के सही तरह function ना कर पाने की वजह से बने hallucination का रिजल्ट मानते है.

आपके मन में आने वाले सबसे बड़े सवाल में से एक है क्या lucid dream की वजह से Sleep Paralysis की कंडीशन बन सकती है?

नहीं ! क्यों की lucid dream इसके लिए सक्रिय रूप से जिम्मेदार नहीं है. अगर आप इस एक सपने से जागते है और तभी आपको sleep paralysis experience से गुजरना पड़े तो इसके लिए कुछ अलग कंडीशन जिम्मेदार है जैसे की Personal Sleeping And Living Habits जो की आपके Sleep pattern को affect करती है.

Risks of lucid dreaming की स्थिति तब बनती है जब आप sleep deprivation, stress/anxiety से गुजरते है.

  • Dream Initiated Lucid Dreams (DILD) जो की सक्रिय रूप से किसी भी डरावने अनुभव के लिए जिम्मेदार नहीं होता है
  • Wake Initiated Lucid Dreams (WILD) जैसी तकनीक आपको lucid nightmare का experience करवा सकती है लेकिन साथ ही साथ ये मनचाहे सपने देखने की एक effective technique भी है.
  • Mnemonic Induction of Lucid Dreams (MILD) ये भी एक सेफ practice है लेकिन अगर इसका सही से अनुभव ना हो तब आपको sleep paralysis experience और lucid nightmare से गुजरना पड़ सकता है.
  • Finger Induced Lucid Dreams (FILD) हालाँकि ये एक सुरक्षित अभ्यास है लेकिन, इसका गलत अनुभव हमें बुरे अनुभव करवा सकता है.

ये सब Lucid dreaming technique है जो अलग अलग रिजल्ट देती है और इनके experience भी अलग अलग स्थिति पैदा करते है.

क्या सपने में मरने का हकीकत में कोई रिलेशन है ?

नहीं ! आज भी काफी सारे लोग मानते है की The risks of lucid dreaming में से एक है सपने के दौरान मौत हो जाना. आपने कई बार इसका अनुभव किया भी होगा की हम काफी हाइट से अचानक गिरने लगे है और अचानक ही हमारी नींद खुल जाती है. हमें पता चलता है की जो हम देख रहे थे वो सब एक सपना था.

सपने के दौरान मौत का होना कोई नया अनुभव नहीं है और हम कई बार इस दौरान हमारे मन में दबे हुए रास्तो की खोज करते है. कई बार आपने भी अनुभव किया होगा की सपने के दौरान हम Subconscious mind की कोई ऐसी मेमोरी को रिकॉल कर लेते है जो एक सेफ के अन्दर होती है.

Risks-of-lucid-dreaming

हमारा अवचेतन मन कुछ मेमोरी को छिपाकर रखने के लिए सेफ का निर्माण करता है और जब हम उस जगह पर जाते है तब हमें ऐसे अनुभव होते है मानो हम खतरे में हो या मरने वाले हो. इस तरह का रोधक हमारी जानकारी को छिपाकर रखता है.

ऐसी स्थिति में जब हम सपने के दौरान मरते है तो हकीकत में हमारी आँखे खुल जाती है. किसी तरह के खतरे में ज्यादा से ज्यादा इस दौरान उठने के बाद हम Lucid nightmare का अनुभव करते है क्यों की बॉडी Paralysis ( Inactive ) होती है और दिमाग सक्रिय हो जाता है.

ये किसी भी तरह के Dangerous Risks of lucid dreaming में शामिल नहीं है आपको बस इसे समझने की जरुरत है.

क्या सपने हमारी मौत की वजह बन सकते है ?

नींद में, सपने में या फिर Lucid dream experience के दौरान Death experience काफी common है लेकिन, हकीकत में ऐसा कुछ नहीं है. इन सबका हकीकत में कोई संबध नहीं है और वास्तव में ऐसा हो ही नहीं सकता है की आप सपने में मर जाए और हकीकत में उठ नहीं पाए.

आज तक इस बात का कोई प्रूफ नहीं मिला है की सपने में किसी की मौत हुई और वो वास्तविक दुनिया में भी मर गया हो. ये सिर्फ एक डर है जो हमें Positive Lucid Dream experience से रोकता है. सपने के दौरान जब आपकी मौत हो जाती है हकीकत में आपकी नींद खुल जाती है और आप वापस Real world में लौट जाते है.

मौत का डर The risks of lucid dreaming में काफी common है जिसकी वजह से काफी सारे लोग जो इसके अनुभव से गुजरते है इसे एक बुरा अनुभव मानना शुरू कर देते है.

Can You Get Stuck In A Lucid Dream?

क्या हम किसी सपने में हमेशा के लिए फंसे रह सकते है ? आपने ऐसी कई मूवी देखी होगी जिसमे किरदार की मौत उसके सपने में होती है और वो कोमा में चला जाता है या लम्बे समय तक एक सपने में फंसा रह जाता है.

Hollywood Movie like Inception and Coma में देखा होगा की व्यक्ति अगर सपने में ही मर जाता है तो उसका दिमाग हकीकत में कैद हो जाता है या मर जाता है.

इस दौरान व्यक्ति एक ऐसी कैद में होता है जो वक़्त में काफी लम्बे समय तक बनी रहती है. इस तरह की Risks of lucid dreaming तब बनती है जब आप लम्बे समय से नींद की दवा ले रहे होते है.

हकीकत में सपने में फंसना या फिर सपने के दौरान मौत हो जाना जैसा कुछ नहीं है. आप ज्यादा से ज्यादा एक normal सपने से कुछ लम्बा सपना ही देख पाते है या फिर सपने के अन्दर सपना जैसा अनुभव कर सकते है.

हमेशा के लिए सपने देखते रहना संभव नहीं है जब तक की आप किसी तरह की दवा का सेवन ना करे. कुछ दवाई है जो hallucinations की कंडीशन पैदा करती है.

किसी को इसकी लत लग सकती है

बहुत कम मामले में ऐसा होता है की कोई व्यक्ति इसके लिए एक लत को महसूस करना शुरू कर दे. The risks of lucid dreaming की कड़ी में एक डर इसकी लत लगना है जो की काफी रेयर case है.

इसकी लत लगना जैसा मामला तब सामने आता है जब आप बार बार इसका प्रयोग करना शुरू कर दे. Lucid dream भी एक तरह का नशा बन सकता है अगर आप इसका प्रयोग अपने हकीकत से छिपने में कर रहे है.

कई बार हमारा कोई Past life Trauma experience जिससे हम बचने के लिए Lucid dream को अनुभव करना शुरू कर देते है हमें एक नशे की तरह लगने लगता है. हम सब अपनी reality से भागते है. अगर आप किसी स्थिति से बाहर निकलने के लिए इसका प्रयोग कर रहे है तो इसमें कोई बुराई नहीं है.

ये आपके brain को सोचने समझने का वक़्त देता है. problem तब सामने आती है जब आप बार बार इसका प्रयोग करे और हकीकत का सामना करने की बजाय अपने कल्पना में छिपे रहे.

अगर आप ऐसा कर रहे है तो ये आपके लिए खतरनाक हो सकता है.

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Risks of lucid dreaming and after experience tiring

The risks of lucid dreaming में mentally exhausting experience एक समान्य सा अनुभव है. हम जब भी इस स्टेट से बाहर निकलते है ज्यादातर मानसिक रूप से थके हुए महसूस करते है. ऐसा तब होता है जब हमारा dream किसी emotional or anxiety जैसे अनुभव से जुड़ा होता है.

अक्सर ऐसे सपने जिसमे हम किसी तरह के Death, detachment or separation जैसे अनुभव से गुजरते है हमें मानसिक रूप से थका देता है.

ये काफी common है और शायद ही कोई इसके ऊपर ध्यान देता है लेकिन, आपको इसे ignore नहीं करना चाहिए. अगर अनुभव के बारे बाद आप Emotionally weak महसूस कर रहे है तो सचेत रहे और समय रहते इस तरह की रिस्क से बाहर निकले.

ऐसी थकान की सबसे बड़ी वजह ये भी हो सकती है की इस अभ्यास के लिए हमें रात को नींद से उठकर दोबारा सोना होता है. अधूरी नींद भी हमें थका सकती है क्यों की दिमाग इस दौरान जो कुछ भी होता है उसे आसानी से accept कर लेता है.

Can you have a lucid nightmare?

Lucid nightmare भी एक unusual experience है जिससे हम सपनो के दौरान गुजर सकते है. The risks of lucid dreaming के possible cause and factor में एक है आपकी repressed memory यानि आपके दिमाग में दबी ऐसी यादे जो बार बार दबाई जा रही है.

ऐसी यादे एक डरावने अनुभव को जन्म देती है और उनका अनजाना डर आप सपने के दौरान अनुभव करते है.

The-dangers-of-lucid-dreaming

Lucid nightmare हमें sleep paralysis की तरह अनुभव नहीं होता है. ये उससे कही अलग है. आप अपने Lucid Dream state में काफी अच्छे अनुभव कर रहे है और अचानक ही सब कुछ नेगेटिव बन जाए तो समझ जाए की आपका अवचेतन आपका ध्यान उन यादो में ले जा रहा है जिन्हें दबाया जा रहा है.

आपकी वो यादे जिन्हें आप खुलकर express नहीं कर रहे है एक nightmare की तरह आपको इस समय haunt करने की कोशिश करती है.

ये सब आपके Subconscious mind self mechanism की वजह से होता है. आपका ध्यान उन समस्या की तरफ ले जाना जिनका समाधान जरुरी है और जिन्हें आप नकार नहीं सकते है. आपको कभी न कभी Risks of lucid dreaming का सामना करना ही पड़ेगा जिसकी वजह से आप ये सब अनुभव करते है.

हम इस स्थिति से बाहर निकलने के बारे में पहले ही बात कर चुके है जिसे आप how to overcome lucid nightmare में पढ़ सकते है.

Can lucid dreaming harm you? final conclusion

हम अभी तक कई ऐसे The risks of lucid dreaming के बारे में बात कर चुके है जो हमारे अनुभव को प्रभावित करते है.

इस बात में कोई शक नहीं की lucid dream और हकीकत में फर्क कर पाना हमारे लिए बेहद मुश्किल हो जाता है लेकिन, अभी तक ऐसा कोई case सामने नहीं आया है की इसकी वजह से हमें किसी तरह के नुकसान से गुजरना पड़ा हो.

अभी तक हम जिन The dangers of lucid dreaming के बारे में बात कर रहे थे वो सिर्फ सपनो के सही दिशा में ना जाने की वजह से face किये जाने वाले साइड इफ़ेक्ट थे.

अगर हमारा अनुभव सही तरह से आगे नहीं बढ़ता है तो ये कई कंडीशन को पैदा करता है जिसमे सपने में मौत का सामना, अचानक उठने के बाद Sleep paralysis का अनुभव, मानसिक रूप से थका हुआ महसूस होना शामिल है. बेहतर होगा की lucid dream के बाद आप एक सही नींद ले.

ये नींद कम से कम 5-8 घंटे के बीच हो तो ज्यादा बेहतर होगा. ज्यादातर लोग सपने के बाद मुश्किल से 2-3 घंटा सो पाते है और उसके बाद दिन भर के कामो में बिजी हो जाते है.

लम्बे समय तक ऐसा करना खतरनाक हो सकता है क्यों की ये आपके Brain function को affect करता है. बेहतर होगा की आप इसकी शुरुआत से पहले हर तरह के Possible Risks of lucid dreaming से जुड़े अपने सवालों का जवाब तलाश ले.

How to Cope with split personality disorder symptom, cause and treatment Guide in Hindi

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Split personality disorder in Hindi यानि dissociative identity disorder (DID) उन mental disorder को कहा जाता है जहाँ पर एक ही इन्सान के अन्दर एक ज्यादा distinct personality देखने को मिलती है.

व्यक्ति का हर व्यक्तित्व दूसरे व्यक्तित्व से विचार, भावना और गतिविधि हर मामले में अलग होता है.

इस तरह की समस्या खासतौर से उन लोगो में ज्यादा देखने को मिलती है जो किसी तरह के Past life traumatic condition से गुजरते है. इसके लिए कोई पक्का शर्तिया इलाज नहीं है और long-term treatment ही व्यक्ति की दूसरी personality को आपस में combine कर आपको सिर्फ normal बना सकता है.

कई जगह पर इसे borderline personality disorder splitting के नाम से जाना जाता है जहाँ पर split personality disorder symptoms के आधार पर इसका split personality disorder test निकालने की कोशिश की जाती है.

कुछ लोगो में 2 तरह की personality है जिन्हें dual personality disorder के नाम से बुलाते है जबकि इससे ज्यादा personality होने पर multiple personality disorder के नाम से जाना जाता है.

split personality disorder

इस Personality disorder के अलग अलग causes, symptoms, diagnosis के आधार पर किया गया इलाज सिर्फ आपकी Main personality को आगे रखने में मदद करता है ना की इसका कोई इलाज.

समय के साथ जब आप उन स्थिति का सामना करते है जिसकी वजह से personality disorder की स्थिति पैदा होती है तब हम अपने आप इन personality से छुटकारा पा लेते है लेकिन पूरी तरह से नहीं.

साफ तौर पर समझे तो जिन कंडीशन की वजह से ये personality बनती है वो सिर्फ तभी trigger होती है जब हमारे सामने ऐसी कोई कंडीशन पैदा होती है.

वक़्त के साथ हम खुद को normal कर लेते है लेकिन ये personality हमारा ही हिस्सा बन जाती है. आइये इस आर्टिकल में जानते है इसके बारे में विस्तार से.

What is split personality disorder?

Split personality को Past में multiple personality disorder के नाम से जाना जाता है. medical में ये एक popular term है जो dissociative identity disorder के लिए इस्तेमाल की जाती है.

ये एक ऐसी स्थिति है जिसमे व्यक्ति के अन्दर एक से ज्यादा Personality develop होने लगती है. normal condition में आप इसकी पहचान नहीं कर सकते है क्यों की ये संभव नहीं है.

खास तरह की परिस्थिति में आप alternate identities को आसानी से पहचान सकते है क्यों की इससे पीड़ित व्यक्ति significant differences को दर्शाना शुरू कर देता है. उनका Behavior, Emotion, Action, Thought सब एक नए व्यक्ति की तरह हो जाता है.

ये नया व्यक्तित्व व्यक्ति को अलग बना देता है और इस तरह की personality कुछ समय के लिए व्यक्ति पर पूरी तरह कण्ट्रोल ले लेती है.

व्यक्ति की original personality उसी तरह रहती है जैसी वो थी लेकिन उसे ये याद नहीं रहता है की वो किसी और की तरह भी व्यवहार कर रहा था. जब भी व्यक्ति कोई New personality को अपनाता है तब उसके लिए distinct history, a new identity, and different behaviors इन सबका अलग अलग रिकॉर्ड रहता है.

एक व्यक्ति में अलग अलग व्यक्तित्व इस तरह से देखा जा सकता है जैसे की

  • Name
  • Age
  • Gender
  • Moods
  • Memories
  • Vocabulary

Split personality disorder में व्यक्ति खुद को अलग तरह से देखता है. कुछ व्यक्ति खुद को जन्म से ही एक महिला की तरह देखते है लेकिन समाज के डर से व्यक्ति की तरह दर्शाते है. अकेले में ये अपनी इस व्यक्तित्व की पूर्ती करते है जो आगे चलकर certain stressor or trigger में बदल जाती है.

जब ऐसा होता है तब एक खास कंडीशन में व्यक्ति अपनी पुरुष वाली personality को दबाकर महिला की तरह व्यवहार करना शुरू कर देता है.

Main cause for Split personality disorder

आज तक इसकी कोई सॉलिड वजह नहीं मिली है जो Split personality disorder को trigger करती हो. इसकी सबसे बड़ी वजह Condition and trauma को माना जाता है जो इसे develop होने में मदद करती है.

हमारा अवचेतन मन अधूरी इच्छा को पूरा करने के लिए हमें नए व्यक्तित्व में ढलने में मदद करता है. जिस तरह से हम आत्म-सुझाव से खुद को विकसित कर सकते है वैसे ही Multiple Personality को भी Develop कर सकते है. ज्यादातर मामले में ये बुरा नहीं होता है जब तक की हम इसकी लिमिट को क्रॉस न कर दे. एक तरीके से आत्म-सुझाव से खुद को विकसित करने की जगह अपनी अधूरी इच्छाओ को पूरा करने के चक्कर में हम खुद का कण्ट्रोल एक अनजानी personality को दे देते है.

जब हम Past life traumatic condition से गुजरते है तब अकेले में हमारा मन उससे बचने के लिए खुद का defence mechanism बनाता है.

ये हमें उस स्थिति से दूर रहने में मदद करता है लेकिन कई बार ये उस तरह से काम नहीं करता है और हम जाने अनजाने ही Split personality disorder का शिकार बन जाते है.

इसकी सबसे बड़ी वजह होती है हमरे trauma in childhood या फिर किसी का abusive behave यानि बचपन में अगर हम किसी ऐसी कंडीशन का शिकार बनते है जिसको समझना आसान नहीं होता है तब इस तरह की स्थिति पैदा होती है.

बड़े होने के बाद भी हम अपनी उस identity को खुद से अलग करने में नाकाम पाते है जिसकी वजह से हमारा Subcosncious mind एक self defence mechanism बनाता है.

अब जब भी हम उस तरह की कंडीशन से दोबारा गुजरते है ये mechanism अपना काम करना शुरू कर देता है.

अवचेतन मन इसे सिर्फ उस तरह की स्थिति से बचने के लिए बनाता है लेकिन क्कुह side effect इसे हम पर हावी होने में मदद करते है जिसकी वजह से हम परेशानी का सामना करने लगते है.

एक से ज्यादा व्यक्तित्व के लक्षण और संकेत

इसके लक्षण व्यक्ति विशेष पर अलग अलग देखे जा सकते है. अगर आप इसकी पहचान करना चाहते है तो सबसे पहले ध्यान दे जैसे की

  • इसका सबसे बड़ा लक्षण व्यक्ति का two or more separate personalities की तरह behave करना है. इसमें हर व्यक्तित्व का अपना self-identity and perceptions शामिल है.
  • व्यक्ति के अपने sense of self में ऐसा बदलाव जिसे आसानी से नोटिस किया जा सकता है.
  • सामान्य स्थिति में व्यक्ति का अलग अलग मेमोरी को recall नहीं कर पाना. अपनी मेमोरी में एक गैप को महसूस करना जो की वो समय होता है जिसमे व्यक्ति Split personality disorder के दौरान होता है.

इस दौरान व्यक्ति में ना सिर्फ different vocabulary का लक्षण देखने को मिलता है बल्कि gesture में भी बदलाव महसूस कर सकते है. जब व्यक्ति अपने Alternate personality में होता है तब वो कुछ आदते भी अपनाता है जो की आमतौर पर देखने को नहीं मिलती है.

इसमें नशा करना, गुस्सा करना या फिर किसी तरह का ऐसा बदलाव जो उसकी normal personality में नहीं होता है.

जब व्यक्ति Anxiety and stress feel करता है तब उसकी personality split करती है और वो एक से दूसरे व्यक्तित्व में बदलाव करता है.

इस तरह की खास personality कुछ certain situations में ही trigger होती है. इसके कुछ खास नोटिस किये जा सकने वाले लक्षण इस तरह है

  • Amnesia
  • Losing sense of time
  • Going into a trance-like state
  • Out-of-body experiences, or depersonalization
  • Engaging in behaviors that are unusual for the person
  • Sleep disturbances

ज्यादातर लोगो ने Suicided risk का खतरा भी इस दौरान देखा है. Self-harm जैसी कंडीशन भी इस दौरान नोटिस की जा सकती है.

Risk factors

अगर किसी के साथ बचपन में कुछ ऐसा हुआ हो जिसकी वजह से वो किसी के साथ मिलने जुलने में प्रॉब्लम का सामना कर रहा होता है तो ऐसी स्थिति में बाद में जब वो वक़्त के साथ बड़ा होता है तो उसका dissociative identity disorder एक खास कंडीशन जैसे की उसी तरह के Traumatic condition का सामना होने पर psychological response देता है.

इस तरह का trauma निचे दी गई किसी भी कंडीशन से मिल सकता है जैसे की

  • Physical abuse
  • Se*ual abuse
  • Emotional neglect
  • Psychological abuse

कई बार ऐसा भी होता है की बचपन में clear form of abuse का सामना नहीं होता है लेकिन, उसे safe home environment नहीं मिल पाता है जिसकी वजह से वो खुद को abuse state में महसूस करता है. कई बार इसकी वजह highly unpredictable parents के साथ रहना भी होता है.

हम इस दौरान stress से बचने के लिए खुद की एक अलग identity बना लेते है जो कुछ समय के लिए हम इस तरह की स्थिति से बचा लेती है.

इसके अलावा कई बार एक से ज्यादा mental health disorders की वजह से भी ऐसा होता है. ऐसे कई mental health disorder है जिन्हें आप यहाँ देख सकते है जैसे की

  • Borderline personality disorder
  • Depression
  • Substance use disorder
  • Post-traumatic stress disorder
  • Eating disorders
  • Anxiety
  • Obsessive-compulsive disorder

एक से ज्यादा व्यक्तित्व की पहचान कैसे करे ?

इसमें काफी वक़्त लगता है. Split personality disorder या फिर dissociative identity disorder यानि DID के कई ऐसे लक्षण है जिन्हें लम्बे समय तक observe करने की जरुरत होती है. ऐसे में व्यक्ति के अन्दर के symptom के जरिये इसकी पहचान की जाती है और बाकि सभी लक्षणों को किनारा कर इसी पर फोकस कर ट्रीटमेंट दिया जाता है.

इसके सही इलाज के जरुरी है की व्यक्ति के अन्दर की different personalities को अच्छे से observe किया जाए और वो उस व्यक्ति को किस तरह affect कर रही है इसे जांचा जाए.

अगर आप full scale of the symptoms को observe कर रहे है तो ध्यान रहे की इसमें वक़्त लगता है और आपको इसे लम्बा खींचना पड़ता है.

इसकी सबसे बड़ी वजह व्यक्ति की mental health conditions का Split personality disorder से जुड़ा होना होता है. इन सब में वक़्त लगता है और कई सेशन के बाद किसी नतीजे पर निकला जाता है जिसके बाद इलाज किया जाना संभव हो पाता है.

सही तरीके से इलाज

इसका कोई पक्का इलाज नहीं है क्यों की ये एक mental health condition है यानि दिमाग की एक state जिसे हम prescribe treatments के जरिये सिर्फ दबा सकते है solve नहीं कर सकते है. जब भी व्यक्ति के सामने किसी तरह की Traumatic condition पैदा होगी वो इसका सामना करेगा.

इसके इलाज में सिर्फ psychotherapy का सहारा लिया जाता है जहाँ पर कई सेशन के बाद व्यक्ति के Personality से जुड़े condition को समझा जाता है और उसे trigger होने से रोका जाता है. इसके अलावा Art therapy, movement therapy, and relaxation techniques जैसी कई तकनीक है जिनके जरिये Split personality disorder को trigger होने से रोका जा सकता है.

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How to cope with Split personality disorder final word

Childhood trauma ये एक सबसे बड़ी problem है जिससे ज्यादातर बच्चे गुजरते है और बड़े होने के बाद भी इस तरह की Traumatic condition उनका पीछा नहीं छोडती है.

ऐसी स्थिति में व्यक्ति अपनी सुरक्षा के लिए subconsciously कुछ खास तरह की Personality को develop करता है जो की उसे कुछ समय के लिए वर्तमान की समस्या से दूर कर देती है.

वक़्त के साथ व्यक्ति इन्ही अलग अलग व्यक्तित्व को अपना हिस्सा बना लेता है और Split personality disorder का शिकार हो जाता है. अब चूँकि ये सब Subconscious mind का एक हिस्सा होता है ऐसे में हमें ज्यादातर मामले में इसके बारे में कुछ पता नहीं होता है.

अगर आप भी अपने आसपास किसी ऐसे व्यक्ति को देखते है जो अचानक ही अपने व्यवहार में बदलाव कर लेता है तो उसे समझने की कोशिश करे. इस तरह के लोगो को emotional trigger के जरिये ही उस personality से बाहर निकाल सकते है.

Top 9 Spiritual Transformation Experience everybody have in Spiritual Journey

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Spiritual Journey के दौरान हम कई तरह के बदलाव को experience करते है. कुछ अनुभव धीरे धीरे और समय के साथ होते है जो normal होते है जबकि कुछ अनुभव बेहद तेज, अचानक और बिना उम्मीद के होते है जिन्हें समझ पाना मुश्किल बन जाता है.

आध्यात्मिक अभ्यास के बाद हमारी लाइफ में जो fundamental change आते है उन्हें Spiritual Transformation के नाम से जाना जाता है.

ये वो बदलाव है जो हमारी लाइफ में तब आते है जब हम आध्यात्मिक बनते है. spiritual experience खासकर kundalini awakening or chakra opening जैसे अनुभव इसी तरह के बदलाव से जुड़े है.

इसमें होने वाले अनुभव दोनों ही तरह से हो सकते है या तो धीरे धीरे हम आगे बढ़ते है या फिर हमारी यात्रा इतनी fast होती है की हमें समझ पाना बेहद मुश्किल होता है.

ये तब होता है जब हम अनुभव को Judge, compare, control करना शुरू करते है. अगर अनुभव के साथ साथ चला जाए तो इन्हें समझ पाना न सिर्फ आसान हो जाता है बल्कि आगे बढ़ना भी.

What is Spiritual Transformation?

normal life में जहाँ हम ईगो से भरे हुए होते है और चीजो को अपने तरीके से control करने की कोशिश करते है वही आध्यात्मिक यात्रा के बाद हमारे point of view, perspective इन सब में बदलाव आते है.

आध्यात्मिक अनुभव एक तरीके से हमारी लाइफ को पूरी तरह से बदल सकते है. अगर इन्हें control करने की कोशिश ना की जाए और इसके flow के साथ चलते जाए बिना किसी रिएक्शन के तो ऐसे कई अनुभव होना शुरू हो जाते है जो normal life में किसी मैजिक की तरह लगते है.

हमारा कनेक्शन universe and being से बनना शुरू हो जाता है और हम Spiritual being में से एक बन जाते है. आइये आज की पोस्ट में जानते है ऐसे कुछ बदलाव के बारे में जो हमारे आध्यात्मिक बदलाव को दर्शाते है.

What is Spiritual Transformation?

जब हम Spiritual Journey पर आगे बढ़ते है तब हम body से soul की तरफ evolve होना शुरू होते है. ये पूरी process एक कमल की पंखुड़ी को खोलने की तरह है. seven chakras and kundalini awakening को कमल के खिलने की तरह represent किया जाता है.

जिस तरह कीचड़ में कमल होता है उसी तरह हम भी Ego, self जैसे mud से भरे हुए होते है. Spiritual journey के जरिये हम खुद को उसी तरह explore करते है जिस तरह कमल खिलता है.

Spiritual transformation में अनुभव दोनों ही तरह से हो सकते है या तो समय के साथ धीरे धीरे या फिर अचानक ऐसे होने वाले experience जो unexpected होते है. यहाँ कुछ ऐसे common experiences of spiritual transformation है जिन्हें आप समझ सकते है जैसे की

  • हम अपने old toxic pattern or behavior को छोड़ देते है
  • खुद को limit में बंधा हुआ महसूस ना करना
  • पहले से ज्यादा authentic and soul-centered हो जाना
  • खुद को एक जगह पर रखने की बजाय और ज्यादा explore करने की इच्छा होना.

ये सब ऐसे अनुभव है जो हमें आध्यात्मिक अभ्यास की यात्रा के दौरान होते है. जब हम अभ्यास करते है तो अपने लिए endless possibilities के रास्ते खोलते है.

Spiritual Transformation vs. Spiritual Awakening

सुनने में भले ही spiritual awakening and spiritual transformation ये दोनों एक जैसे और आपस में connected लगते है लेकिन, ये दोनों ही अनुभव एक दूसरे से अलग है. इन्हें आप ऐसे समझ सकते है

Spiritual awakening वास्तव में एक ऐसी टर्म है जिसके अन्दर हमारी पूरी यात्रा होती है. दूसरी और spiritual transformation में spiritual journey के दौरान क्या होता है ये शामिल है. इसमें awakening हमारी यात्रा के शुरुआत में आने वाला वो force है जो बदलाव लाता है जबकि Transformation हमारी यात्रा के अंत में अनुभव किये जाने वाला बदलाव है.

साफ साफ शब्दों में समझे तो

“Spiritual awakening हमें पथ पर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करता है और transformation में वो सब बदलाव होते है जो यात्रा के अंत में जागरण की प्रक्रिया की वजह से हमारे अन्दर विकसित होते है.”

9 ऐसे संकेत जो बदलाव को दर्शाते है

वास्तव में देखा जाए तो spiritual transformation हमें बाहर से अन्दर की ओर की यात्रा करवाता है. इस यात्रा के दौरान आने वाला हर बदलाव इसे दर्शाता है. हालाँकि अंतिम परिणाम हमेशा वैसे नहीं होते है जैसे हम सोचते और चाहते है. ये परिणाम हमारी जरुरत के अनुसार होते है ना की हम क्या चाहते है.

ये एक ऐसी cyclical process है जो बार बार होती रहती है इसलिए कभी ये न सोचे की ये बदलाव सिर्फ एक बार अनुभव किया जा सकता है.

हम पूरी तरह खुद को explore कर सके ऐसी समझ बहुत कम लोगो में होती है. हर बार इसका एक ही परिणाम होता है हमें हमारी true nature के और भी पास ले जाना.

चलिए कुछ ऐसे key signs of spiritual transformation के बारे में जान लेते है जो हम अपनी यात्रा के दौरान experience करते है.

Old ways of being disintegrate

शुरुआत में ही हम अपने thought patterns, habits, beliefs में आने वाले बदलाव को notice कर सकते है. उनकी आपके ऊपर अब वैसी पकड नहीं है जैसी पहले थी.

इसकी वजह से कुछ लोग relief and gratitude जैसी feeling को experience करते है वही कुछ nervous and on-edge जैसी feeling को महसूस करते है.

अनुभव चाहे जैसे भी हो हम सब जानते है की ये सब spiritual transformation का एक भाग है और इस तरह के अनुभव हो सकते है इसलिए कई बार इनका हम पर ज्यादा प्रभाव नहीं पड़ता है.

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नए रास्तो का खुलना

ये आपको थोड़ा हैरान कर सकता है क्यों की जब हम बदलाव की प्रक्रिया से गुजरते है तब new and unexpected opportunities for growth हमारे सामने आना शुरू हो जाती है.

कई बार तो ये अवसर हमें एक meaningful coincidences की तरह लगते है मानो हम काफी समय से यही चाहते थे और देखो वैसा हो गया.

आपने देखा होगा की कई बार हम कुछ सोचते है और कुछ समय बाद ही वैसे अवसर हमारे लिए खुल जाते है.

ये सब हमें एक coincidences की तरह लगता है लेकिन जब हम बाहर से अंतर की ओर बढ़ते है तब Subconscious mind programing की वजह से हमारा अवचेतन मन नए नए opportunities को create करता है.

Letting go and surrendering

normal life में हम खुद को और दूसरो को कण्ट्रोल करने वाली सोच रखते है. हमारे साथ क्या हो रहा है और क्यों हो रहा है इसके पीछे के reason को समझे बगैर हमें लगता है की हम जो हो रहा है उसे कण्ट्रोल कर सकते है.

आध्यात्मिक यात्रा के दौरान हम हर घटना को बारीकी से देखना और समझना शुरू करते है. जो हो रहा है उस पर react करने की बजाय अच्छे से समझना और फिर उसके अनुसार स्टेप लेना ये बेहद जरुरी है.

Spiritual journey के दौरान यही होता है. जो हो रहा है उसे समझने के बाद हम लाइफ के flow के साथ खुद को आगे ले जाने लगते है जिस वजह से खुद को relax feel करना आसान हो जाता है.

बीते कल में भले ही हमने काफी तकलीफ और दुःख देखे हो लेकिन अब हम शांत है और संतुष्ट है जो किसी भी इन्सान का सबसे बड़ी wish होती है.

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Self-identity loosens

जैसे जैसे हम process of spiritual transformation से गुजरते है वैसे वैसे हमारा Ego attachment और ज्यादा Transparent होता जाता है जिसकी वजह से खुद को किसी भी तरह की limited and rigid ways में फंसने से बचा पाते है.

जब Body-mind-soul-heart-spirit ये सब आपस में interconnected होते है तब freshness and lightness को महसूस करना आसान हो जाता है.

इस बदलाव का सीधा असर हमारी नेचर पर पड़ता है जिस वजह से हम प्रवाह के साथ चलना शुरू कर देते है और किसी भी कंडीशन में खुद को adopt कर पाते है.

अब हम दूसरो पर reaction देने से पहले उसे समझने की कोशिश करते है जिस वजह से ज्यादातर मामलो में हमें किसी तरह की reaction देने की जरुरत ही नहीं पड़ती है.

Some people in your life leave

हालाँकि ऐसा हमेशा नहीं होता है लेकिन जब हम बाहर से अंतर की तरफ मूव करते है तो ऐसे लोग जो हमारी लाइफ का हिस्सा नहीं होना चाहिए वो हमसे दूर हो जाते है.

इसमें ज्यादातर ऐसे लोग होते है जो भटकाने वाले, टाइम waste करने वाले होते है. जब उन्हें लगता है की अब आप उनके मतलब के नहीं रहे है तो वो धीरे धीरे आपसे दूर होने लगते है.

आध्यात्मिक बदलाव की वजह से अब हमें महसूस होना शुरू हो जाता है की हमें क्या चाहिए और आगे बढ़ने के लिए बाहरी तत्वों पर निर्भर रहना है या फिर अंतर पर.

जो लोग Introvert होते है उनके भले ही दोस्त कम होते है लेकिन आगे बढ़ने वाले होते है जिसकी वजह से परेशान करने वाली सभी चीजे उनसे दूर ही रहती है और ज्यादा focus रहने में मदद करती है.

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Profound insights into the nature of reality

Spiritual transformation के दौरान होने वाले अनुभव में ये एक common experience है जिसमे हम खुद और यूनिवर्स के बारे में deep understanding को experience करते है.

इस ब्रह्माण्ड के अनुसलझे राज को भी हमारा मस्तिष्क समझने लगता है और जो चीजे पहले हमें मैजिक की तरह लगती थी वो अब लाइफ का normal हिस्सा बन चुकी है.

11 Sign How Spiritual Awakening changing Relationships and Love in Hindi

हमारा मस्तिष्क एक खुले दरवाजे की तरह है जो इस universe के उन रहस्यों को समझने लगा है जिनसे बाहर भटकने की वजह से हम अनजान थे.

हमारी अपनी लाइफ में जिन चीजो को लेकर हम अक्सर परेशान रहते थे अब वो सुलझती जा रही है और ये सब संभव हुआ है क्यों की अब हम अंतर की यात्रा कर रहे है.

Energetic purging and detoxification

Energetic purging and detoxification ये कुछ ऐसी term है जिनसे हम गुजरते है और ये कम सुखद अनुभव में से एक है. वैसे तो ये purification process normal रहती है लेकिन कई बार बैलेंस न बने रहने की वजह से kundalini awakening जैसा अनुभव हमें परेशान कर सकता है.

कुण्डलिनी जागरण वास्तव में हमारे बॉडी के सभी सेंटर के मध्य बहने वाली उर्जा के प्रवाह का दूसरा नाम है.

ये process हमारे अन्दर की Pranic energy को बढ़ा देती है जिस वजह से energetic blockages को दूर किया जा सकता है और जल्दी ही हम खुद को उर्जावान महसूस करना शुरू कर देते है.

More inner security and trust in Life

हम अपनी ज्यादातर लाइफ का हिस्सा state of near-constant anxiety में गुजार देते है जहाँ पर किसी भी काम के बिगड़ने और तनाव का सीधा संबध होता है.

ज्यादातर लोगो को तो पता ही नहीं होता है की वे इस डर के साथ जी रहे है क्यों की ये हमारे deeper subconscious level पर exist करता है.

Spiritual transformation के दौरान हम इस बात को समझ जाते है की जो हो रहा है वो हमारे लिए हो रहा है न की हमारे विपरीत जिसकी वजह से feelings of greater inner security को develop किया जाता है और हम खुद को और ज्यादा secure feel करना शुरू कर देते है.

हम जान जाते है की जो कुछ हुआ है और जो कुछ हो रहा है वो हमारे लिए है और उससे हमारा कोई नुकसान नहीं होगा ना ही हमें कोई रोक सकता है.

इस तरह की भावना से हम खुद को तनाव से न सिर्फ दूर रख पाते है बल्कि खुद को ज्यादा सुरक्षित महसूस करने लगते है.

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Deepening love and compassion

जैसे जैसे हम आगे बढ़ते है अंत में beautiful aspects of spiritual transformation तक पहुँच जाते है. अब हम अपने आप को heart से connected feel करना शुरू कर देते है. इस तरह का अनुभव हमें बताता है की सब एक है और हम उनके साथ वैसे ही बर्ताव करते है जैसे हम खुद के साथ करते है.

ये आपसी भेदभाव को मिटाता है. दूसरो के दुःख और दर्द को समझने से हम आसानी से दूसरो तक connection को महसूस कर सकते है.

इस तरह का अनुभव Christ Consciousness (or Oneness) की Deep understanding को develop करता है. एक बार heart-centered understanding जैसा बदलाव आने के बाद हम unconditional cosmic love को experience करना शुरू कर देते है.

हम खुद महसूस करते है की पहले हम क्या थे और अब क्या बन गए है. हम कितना अनुभव करते है ये महत्वपूर्ण नहीं है, हमारा अनुभव कितना गहरा है ये मायने रखता है.

Spiritual transformation कोई ऐसा बदलाव नहीं है जिसे control किया जा सकता है. ये तो हमारे अंतर की यात्रा का परिणाम है जो हर घाव को heal कर देता है और हमें Spiritual freedom के लिए motivate करता है.

हर कोई long or short period of transformation को experience कर सकता है लेकिन, अनुभव हमेशा एक जैसे नहीं रहते है ये समय के साथ बदलते रहते है.

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How Spiritual transformation Change our life – final conclusion

आध्यात्मिक यात्रा में बदलाव हर कोई महसूस करता है. Spiritual transformationकिसी भी इन्सान की लाइफ में होने वाले वो fundamental change है जो उसकी Spiritual life को दर्शाते है. सबसे पहला बदलाव जो हम महसूस करते है वो बाहरी चीजो में फंसे रहने की बजाय अपने अंतर में डूबना है.

हम ज्यादातर समय अपने अंतर की गहराई में रहते है जिसकी वजह से हमारे thoughts, behave and emotion pattern में बदलाव आता है. ये सब हमें creative and skillful बनाते है जिसकी वजह से नए नए रास्ते खुलते जाते है.

इसका दूसरा सबसे बड़ा बदलाव हमारे Subconscious mind or level of consciousness पर देखा जा सकता है. हम अपने सोचने समझने के तरीको में वो बदलाव और सोच को महसूस करते है जो सामान्य तौर पर थी ही नहीं.

सीधे तौर पर कहे तो लाइफ मुश्किल नहीं आसान बन जाती है जब हम इसके flow के साथ चलना शुरू कर देते है बजाय इसे control करने के.

आप क्या सोचते है आध्यात्मिक यात्रा के दौरान होने वाले बदलाव हम पर क्या क्या असर डालते है और हमारी लाइफ को किस तरह बदलते है ? हमें कमेंट में बताना ना भूले. अगर आपने कभी ऐसे बदलाव को experience किया है तो उन्हें यहाँ शेयर करे.

काले जादू के वो प्रयोग जिनके जरिये आप पब्लिक के दिमाग से खेल सकते है ब्लैक मैजिक से दूसरो का माइंड कण्ट्रोल करे

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जब भी हम जादू की बात करते है तो 2 ही तरह के जादू का ख्याल आता है white magic and black magic. इनका वास्तविक मतलब Time, location and tradition, community के साथ बदलता गया है.

White magic को हम Acceptable magic की तरह देखते है और Black magic को Unacceptable magic की तरह. ये कितना acceptable है इसे तय करती है उस जगह की culture. आज हम बात करने वाले है How to play black magic in Hindi के बारे में.

Healing and divination को White magic का हिस्सा माना गया है वही Black magic game को दूसरो को नुकसान पहुँचाने वाला जादू माना गया है.

इसमें सामने वाले को श्राप देना या किसी तरह का जादू जो पीढ़ी दर पीढ़ी नुकसान पहुँचाने वाला जादू होता है. सफ़ेद जादू को spiritual magic के नाम से भी जाना जाता है. काले जादू को दूसरो को नुकसान पहुंचाने के लिए आज बहुत बड़े स्तर पर इस्तेमाल किया जाता है.

How to play black magic simple easy trick to manipulate public mind

अगर आप किसी तांत्रिक के पास जाओ और उसे कहो की मुझे किसी को नुकसान पहुँचाना है तो वो यही कहेगा काला जादू, मारण या पुतली मारण करवा लो. ज्यादातर Magician के लिए Black magic को perform करना सही नहीं है क्यों की ये उनकी Spirituality को प्रभावित करता है.

How to play black magic trick या फिर How to play black magic game किसी तरह का जादू नहीं है बल्कि mentalism का खेल है.

इस खेल का उदेश्य मनोरंजन है इसलिए इसे आप खेल सकते है. सामने वाले को लगता है की आप the trick to black magic का use कर रहे है लेकिन ये सिर्फ दिमाग का खेल है.

how to play black magic game के बारे में जानने से पहले आप अपने Mindset को stress free कर ले तो ज्यादा better है क्यों की जब आप दूसरो के दिमाग से खेलते है तो आपकी Psychic energy का बड़े स्तर पर क्षय होता है.

How to play black magic

Spirituality से जुड़े लोग जानते है की मैजिक का कोई कलर नहीं होता है. हम जिस intention से इसका प्रयोग करते है ये तय करता है की ये Black magic Game है या फिर White magic game.

आज की इस पोस्ट में कई लोगो के सवाल पर How to play black magic game के बारे में बात करने वाले है लेकिन इससे पहले हम कुछ ऐसी चीजो के बारे में जान लेते है जो आपको Black magic basic concept को समझने में मदद करेगी.

आज हम जिस White magic vs Black magic के बारे में सुन रहे है वो कुछ hundred years ago ही आया है.

इसकी वजह colonialist terminology है यानि ये जिस जगह पर फैला और लोगो ने जिस तरह इसे accept किया उसी तरह इसका नाम रखा गया. Modern magic practitioner ने इसकी जगह baneful magic का नाम इस्तेमाल करना शुरू कर दिया जिसे Negative magic के नाम से जाना जाता है.

अब आप White magic and Black magic जैसा नाम बहुत कम इस्तेमाल करता हुआ पाएंगे क्यों की Black magic में जिस तरह की चीजो का इस्तेमाल होता है उन्हें baneful magic के नाम से बुलाना ज्यादा बेहतर माना जाता है.

इसका मतलब है ऐसा जादू जिसमे Ingredient का इस्तेमाल होता है.

काले जादू के बारे में और ज्यादा जानने के लिए आपको White vs. Black and Colonialist Terminology के बारे में जान लेना चाहिए ताकि आपको इसके इतिहास से कुछ important जानने को मिले.

White vs. Black and Colonialist Terminology

ऐसा माना जाता है की The term of white and Black के पीछे racist origins का हाथ था. शुरुआत के Spiritualist इसका प्रयोग लोगो की बीमारी को ठीक करने में करते थे लेकिन समय के साथ इसका प्रयोग अपने स्वार्थ को पूरा करने में भी किया जाने लगा जिसकी वजह से इसे 2 हिस्से में बाँट दिया.

एक वे जो Spiritualist थे और White magic का इस्तेमाल कर लोगो की help करते थे और दूसरे वो जो Black magic के जरिये अपने स्वार्थ की पूर्ती करते थे.

समय के साथ Age of Enlightenment में इसे color के साथ जोड़ दिया गया. Great European philosopher’s का मानना था की lighter spirituality का कलर ये निर्धारित करता है की है मैजिक किस तरह का है.

Dark color का सीधा मतलब था evil, negativity, and corruption और लाइट कलर Spirituality को दर्शाते थे.

जैसे जैसे समय बीतता गया The indigenous practices of African spirituality का खौफ white Europeans में भरता गया. अफ्रीका के जादू से हर कोई वाकिफ है और इनकी strange, non-Christian activities लोगो में भय पैदा करने के लिए काफी थी.

Modern Paganism में White magic के साथ साथ Black magic के प्रयोग को utilize किया गया और समय के साथ इसमें और बदलाव देखने को मिला.

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Negative or Baneful Magic

एक ऐसा जादू जिसे दूसरो को हानि पहुंचाने के मकसद से किया जाता है. इसमें कुछ शामिल हो सकती है जैसे की

  • Magical workings जो दूसरो के free will को impact करता है.
  • ये एक ऐसा जादू है जिसका इस्तेमाल destruction or harm जैसे कामो में किया जाता है जैसे की cursing or hexing यानि किसी को श्राप देना.
  • हमारे आसपास के spirit realm यानि आत्माओ की दुनिया के द्वार को negative purpose के लिए खोलना.
  • इस तरह का जादू सामने वाले पर restrict or eliminate का effect डालता है जिसे हमें स्तम्भन और मारण के नाम से भी जानते है.

कुछ जगह पर इसे dark magic के नाम से जानते है. हम Types of magic के बारे में पहले ही बात कर चुके है इसलिए इस ग़लतफ़हमी में ना रहे की सभी Pagan traditions जादू को सफ़ेद और काले जादू की तरह देखते है.

ज्यादातर जादू का असर सामने वाले की Free will पर एक जैसा ही देखने को मिलता है जब तक की इसका प्रयोग आप अपने लिए कर रहे हो.

जादू को काम करने के लिए सामने वाले को Influence करना जरुरी है. इसके बगैर ये काम नहीं कर सकता है.

जहाँ हम बात करते है spirit work की तो अपनी उर्जा को spirits के साथ जोड़ना किसी भी तरह से beneficial magic का हिस्सा नहीं है.

ज्यादातर लोग इसका प्रयोग तो करते है लेकिन, वो खुद इससे अनजान रहते है की इसका खुद उन पर क्या असर पड़ने वाला है. जादू को समझने के लिए आपको 2 बाते ध्यान में रखनी चाहिए.

  1. जो magic perform कर रहा है उसका negative intent
  2. जिस पर जादू किया जा रहा है उस पर इसका प्रभाव क्या पड़ चूका है.

आपने left hand and right hand path के बारे में सुना होगा. एक पथ सात्विक साधना के मार्ग पर है और दूसरा वाम मार्गी जो दूसरो की परवाह नहीं करता है.

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How to play black magic game

इस खेल का Objective सिंपल सा है. आप लोगो को ये समझने में मदद करते है की कैसे दो लोग आपस में telepathically communicating करते है.

इसका सिर्फ नाम How to play black magic game है लेकिन काला जादू जैसा इसमें कुछ नहीं है. इस खेल का बेस है आपकी psychic powers और इसका इस्तेमाल गेम में किस तरह करना है ये इस गेम को और भी रोचक बना देता है.

black magic game trick

Play Black magic game

  • भीड़ में से किसी एक व्यक्ति का चुनाव करे जिसे आप आप अपने secret of black magic को बता सके. उस व्यक्ति को अलग रूम में ले जाए ताकि आप दोनों के बीच बेहतर tuning हो सके. बाकि लोगो को आप बता सकते है की आपको forming a psychic connection के लिए quiet room की जरुरत है.
  • अपने पार्टनर को समझा दे की किस तरह ये Black magic game trick काम करती है. अपने पार्टनर को उसी रूम में छोड़ दे और खुद भीड़ के सामने आ जाए. ये ख्याल रखे की आपका पार्टनर अब आपको सुन नहीं पाए.
  • Audience में से किसी को बुलाए और उसे कहे की किसी भी object का चुनाव आपके सामने करे आपका पार्टनर उसके बारे में बतायेगा.
  • अपने पार्टनर को रूम से बाहर बुलाए और पब्लिक के सामने उनसे पूछे की आप क्या सोच रहे है. आपको किसी भी ऐसे ऑब्जेक्ट का चुनाव करना है जो audience ने नहीं चुना है. दिखावा करे की आप इसके लिए Black magic या फिर Psychic power का इस्तेमाल कर रहे है. ये आपके गेम को और भी ज्यादा Mysterious बना देता है.
  • सबसे लास्ट में आपको उस ऑब्जेक्ट को target करना है जो पब्लिक ने चुना है. इस मामले में ये सारा गेम psychic power का है इसलिए आपको अपने पार्टनर के साथ Understanding इस तरह बिठाना है की वो आपके हाव भाव से ही समझ जाए. इस तरह का काम Body language, movement इन सब पर काम करता है.
  • आपको ये सब इस तरह करना है की पब्लिक आपको पकड़ ना पाए. Stage magic perform करने वाले जिस तरह ट्रिक कर पब्लिक के साथ खेलते है वैसे ही आप कर सकते है. हर बार जब भी पब्लिक को लगे की उन्होंने आपको पकड़ लिया है एक नयी ट्रिक यानि Black magic variation का इस्तेमाल करे और उन्हें गलत साबित करे.

Variation on Black magic and how to trick with public

variation का सीधा सा मतलब है किसी एक ऑब्जेक्ट का चुनाव करना. यहाँ हम Black magic object की जगह किसी नंबर का चुनाव कर रहे है.

अपने पार्टनर को पहले से ही बता दे की आप 9 नंबर पर आने वाले ऑब्जेक्ट को सही करेंगे. सही ऑब्जेक्ट जो पब्लिक ने चुना है वो 9 नंबर पर होगा. इस तरह से बताना ये पक्का करता है की आप पब्लिक को लम्बे समय तक रोमांच में डाल सकते है.

आप पब्लिक में किसी का चुनाव करे तो अपने पार्टनर को सिग्नल दे जब वो किसी राईट ऑब्जेक्ट की तरफ इशारा करता है.

ये सिग्नल इतना बारीक़ होना चाहिए की सिर्फ आप और आपका पार्टनर ही इसे समझ सके. आमतौर पर ऐसा करना बेहद मुश्किल होता है क्यों की पब्लिक की नजर सिर्फ आप पर होती है. इसकी जगह आप एक इशारा शामिल कर सकते है जो बाकि सब मूवमेंट के साथ हो लेकिन आपका पार्टनर समझ जाए.

जब आपकी और आपके पार्टनर की बेहतर tuning बैठ जाती है तो आपके लिए इसे बिना किसी इशारे के भी करना आसान हो जाता है.

आज भी psychologists and other researchers किसी भी तरह के Extra-Sensory Perception में believe नहीं करते है लेकिन ये सच है. ऐसी बहुत सी mysterious abilities है जो सिर्फ आपकी Psychic ability का हिस्सा है और कुछ नहीं. इनका इस्तेमाल आप यहाँ कर सकते है.

इस गेम का सिर्फ नाम ही Black magic game है बाकि इसमें काला जादू जैसा कुछ नहीं है. असल में ये नाम सिर्फ पब्लिक को अपनी और attract करने के लिए इस्तेमाल किया गया जो टाइम के साथ बहुत ज्यादा popular होता गया.

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How to play black magic game final conclusion

नाम से भले ही ये ब्लैक मैजिक का कोई खेल लग रहा है जिसमे किसी तरह की Black magic ritual जैसा कुछ होता होगा लेकिन वास्तव में ये सिर्फ एक Mentalism or psychic power का game है.

अगर आप भी How to play black magic game को लेकर अब तक उत्सुक थे तो सॉरी इसमें ब्लैक मैजिक जैसा कुछ नहीं है.

इस पोस्ट का मकसद सिर्फ इतना है की आपको Black magic game को लेकर एक basic जानकारी मिले.

दुनियाभर में समय के साथ Black magic occult के अलग अलग समुदाय ने इसको कई नाम से जानना शुरू कर दिया और ये खेल भी उसका ही एक हिस्सा है जो एक टाइम में भले ही सामने वाले को भ्रमित कर देता है की मानो किसी तरह के काले जादू का प्रयोग किया है लेकिन हकीकत में ये सिर्फ दिमाग का खेल है.